
Chaibasa.पश्चिमी सिंहभूम जिले में इन दिनों अवैध बालू उठाव और तस्करी का सिलसिला तेज़ी से चल रहा है. नदियों से दिन-रात बालू की ढुलाई बदस्तूर जारी है, जिससे एक ओर नदियों का अस्तित्व खतरे में है, वहीं दूसरी ओर सरकार को लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है.
पुलिस, खनन विभाग और प्रशासनिक स्तर पर नियमित कार्रवाई नहीं होने से बालू माफियाओं का मनोबल बढ़ा हुआ है. सूत्रों के अनुसार, पुलिस की मिलीभगत से यह अवैध कारोबार फल-फूल रहा है.
डेरवां चौक के पास बालू लदे तीन हाइवा पकड़े
ताजा मामला जिले के गोइलकेरा थाना क्षेत्र का है. यहां बुधवार की सुबह ग्रामीणों ने डेरवां चौक के पास बालू लदे तीन हाइवा को पकड़ा और गोईलकेरा थाना को इसकी सूचना दी है. बता दे कि पिछले दिनों बालू तस्करी को लेकर पिछले दिनों जंगल इलाकों में खूनी संघर्ष शुरु हो गयी थी. ठीक उसी तरह की स्थिति एक बार फिर जंगल इलाकों में उत्पन्न होने लगी है, वहीं बालू तस्करी को लेकर प्रशसान की एक तरफा कार्रवाई से भी लोगों में नाराजगी देखी जा रही है.
पुलिस-प्रशासन की दिखावे की कार्रवाई
जिले में बालू के अवैध खनन, परिवहन और भंडारण के विरुद्ध कार्रवाई के लिए जिला, अनुमंडल और प्रखंड स्तर पर टास्क फोर्स भी है, लेकिन यह टास्क फोर्स नियमित रूप से कार्रवाई नहीं करती. कभी-कभार छापेमारी कर एक-दो ट्रैक्टर जब्त कर चालान काट दिया जाता है, जिससे यह कार्रवाई केवल दिखावे तक सीमित रह जाती है.
