
Jamshedpur. जमशेदपुर के बिष्टुपुर थाना क्षेत्र में 4 सितंबर को गुरुद्वारा रोड पर हुई 30 लाख रुपये लूट और फायरिंग के मामले में पुलिस ने शुक्रवार को खुलासा किया. इस मामले में पुलिस ने अब तक चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है. जबकि तीन आरोपी अब भी फरार है. पुलिस ने आरोपियों से 10 लाख 69 हजार 700 रुपए नगद, एक इनोवा कार, एक देशी पिस्टल और चार मोबाइल फोन बरामद किए हैं. पीड़ित साकेत अगीवाल की शिकायत पर दर्ज मामले में सिटी एसपी के नेतृत्व में विशेष अनुसंधान टीम का गठन किया गया. टीम ने 50 से अधिक सीसीटीवी फुटेज की जांच की. इसके बाद अमृतसर समेत कई जगहों पर छापेमारी की गई.
एसएसपी ने यह बताया
एसएसपी पीयूष पांडे ने बताया कि पुलिस ने सबसे पहले राकेश कुमार मंडल उर्फ पकौड़ी को अमृतसर से गिरफ्तार किया. उसकी निशानदेही पर लूट में इस्तेमाल हथियार भी मिला. बाद में कमलेश नारायण दुबे उर्फ शंकर, सुधीर नारायण बेहरा और गणेश कुम्भकार उर्फ फुचा को भी पकड़ा गया.एसएसपी के अनुसार, जांच में पता चला कि कमलेश दुबे इस वारदात का मास्टरमाइंड था. अन्य तीन आरोपियों की गिरफ्तारी और बाकी रकम की बरामदगी के लिए छापेमारी जारी है.
यह है मामला
दरअसल, 4 सितंबर को बिष्टुपुर गुरुद्वारा के सामने हिंदुस्तान लीवर के डिस्ट्रीब्यूटर साकेत अगीवाल की आंखों में मिर्च पाउडर डालकर 30 लाख रुपए से भरा बैग लूट लिया गया था. कारोबारी के कर्मचारी पंकज राव ने स्कूटी से पीछा किया तो एक राउंड फायरिंग कर बदमाश भाग गए थे. लुटेरे बिना नंबर की सफेद रंग की इनोवा पर सवार थे. घटना के वक्त साकेत अगीवाल अपनी स्कूटी में रुपए का बैग लटकाकर एचडीएफसी बैंक में जमा करने जा रहे थे. उनके पीछे-पीछे कर्मचारी पंकज राव भी बैंक की तरफ जा रहे थे. घटना से एक घंटा पहले गुरुद्वारा के सामने एसएनटीआई की पार्किंग में इनोवा खड़ी कर बदमाश रेकी कर रहे थे. 30 सेकेंड के अंदर पूरी वारदात हुई थी.