
Jamshedpur.डुमरी विधायक सह झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (जेएलकेएम) के अध्यक्ष जयराम महतो रविवार को जमशेदपुर पहुंचे. यहां बिष्टुपुर स्थित माइकल जॉन प्रेक्षागृह में जेएलकेएम के कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित किया. इस मौके पर उन्होंने न सिर्फ जनता से सीधा संवाद किया, बल्कि झारखंड की मौजूदा हालात को लेकर कई तीखे सवाल भी उठाए. महासम्मेलन में जिले और आसपास के इलाकों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे, जिनमें युवाओं की भागीदारी सबसे ज्यादा देखने को मिली. सैकड़ों युवाओं ने मोर्चा की सदस्यता ग्रहण की और आदिवासी हक-अधिकार के लिए संघर्ष का संकल्प लिया. सभा को संबोधित करते हुए जयराम महतो ने कहा कि जब तक झारखंड में आदिवासियों के पास जमीन रहेगी, तब तक उन्हें परेशानी उठानी पड़ेगी उद्योगपति आदिवासियों की जमीन हड़पते जा रहे हैं, और सरकार सिर्फ तमाशबीन बनी हुई है.
उन्होंने मंच से दोहराया कि आदिवासियों को अपने अस्तित्व की रक्षा के लिए तैयार रहना होगा.अपने संबोधन में जयराम महतो ने कहा कि वे सड़क से लेकर सदन तक जनमुद्दों को लेकर अपनी आवाज को उठाते हैं, लेकिन यह नाकाफी है. इसके लिए प्रजातांत्रिक व्यवस्था को अपनाकर विधानसभा सीट का आंकड़ा को 40 से पार करना होगा, तभी पार्टी को मेजोरिटी में मिलेगी. पार्टी को मेजोरिटी मिलेगी, तभी अपनी बातों को रखा व पूरा किया जा सकता है. इसके लिए तमाम कार्यकर्ता को राजा चंद्रगुप्त की जगह चाणक्य भी बनने पर विचार करना होगा.
उन्होंने कहा कि पार्टी में हर कोई नेता बनना व चुनाव लड़ना चाहता है, लेकिन ऐसा संभव नहीं है. एक विधानसभा से कोई एक ही व्यक्ति चुनाव लड़ सकता है, इसलिए पार्टी के कार्यकर्ताओं को संगठन मजबूत करने के लिए आपसी समन्वय से किंगमेकर भी भूमिका में भी काम करना होगा. पार्टी का एक-एक कार्यकर्ता व नेता तन, मन से नि:स्वार्थ भाव से जनता के लिए काम करें, तो जेएलकेएम को झारखंड में एक बड़ी पार्टी बनने से कोई नहीं रोक सकता है.
