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JAMSHEDPUR NEWS: जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय में रक्तदान शिविर आयोजित, छात्राओं ने बढ़-चढ़कर किया रक्तदान

जमशेदपुर: जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय के बिष्टुपुर परिसर में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) विंग और टाटा स्टील के संयुक्त तत्वावधान में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय प्रशासन के मार्गदर्शन में आयोजित इस शिविर में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और बड़ी संख्या में स्वास्थ्य जांच के साथ रक्तदान कर सामाजिक सेवा का संदेश दिया।

कुलपति के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ शिविर

रक्तदान शिविर का आयोजन कुलपति प्रोफेसर डॉ. इला कुमार के दिशा-निर्देश में किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ विश्वविद्यालय की वित्त पदाधिकारी डॉ. दीपा शरण ने किया। उन्होंने छात्राओं को रक्तदान शिविर में बढ़-चढ़कर भाग लेने और अपने स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखने के लिए प्रेरित किया।

छात्राओं को बताए गए रक्तदान के लाभ

डॉ. दीपा शरण ने अपने संबोधन में कहा कि रक्तदान एक महान सामाजिक सेवा है, जो किसी जरूरतमंद व्यक्ति की जान बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। उन्होंने छात्राओं को रक्तदान से जुड़े वैज्ञानिक तथ्यों और स्वास्थ्य लाभों की जानकारी देते हुए बताया कि नियमित अंतराल पर योग्य व्यक्ति द्वारा रक्तदान करना सुरक्षित होता है और इससे समाज को बड़ी मदद मिलती है।

स्वास्थ्य जांच और रक्तदान में दिखा उत्साह

शिविर के दौरान बड़ी संख्या में छात्राओं ने अपनी शारीरिक और स्वास्थ्य जांच कराई। पात्र छात्राओं ने स्वेच्छा से रक्तदान कर मानवता और सामाजिक उत्तरदायित्व का परिचय दिया। आयोजकों के अनुसार, इस प्रकार के कार्यक्रम युवाओं में स्वास्थ्य जागरूकता, सामाजिक सेवा और स्वैच्छिक रक्तदान की भावना को बढ़ावा देते हैं।

NSS और टाटा स्टील फाउंडेशन की रही अहम भूमिका

शिविर को सफल बनाने में NSS समन्वयक डॉ. ग्लोरिया पूर्ति, NSS अधिकारी डॉ. सुनीता कुमारी, डॉ. छगन लाल अग्रवाल, आर. तेजा और गोपाल चक्रवर्ती ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। टाटा स्टील फाउंडेशन की ओर से डॉ. रिता सिंह (सीनियर मेडिकल ऑफिसर), डी. मंजू, अनिल कुमार, विश्वकर्मा, कौशिक राय, गौरी मुखर्जी, अविजीत पॉल, उमाशंकर प्रसाद और शौर्य मुनि टुडू सहित कई चिकित्सक और सहयोगी उपस्थित रहे। शिविर के सफल संचालन में NSS स्वयंसेविकाओं का योगदान भी सराहनीय रहा।

विश्वविद्यालय प्रशासन ने कहा कि भविष्य में भी इस प्रकार के सामाजिक और स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि छात्राओं में सेवा, सहयोग और जिम्मेदार नागरिक बनने की भावना को और मजबूत किया जा सके।

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