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NIA Investigate derailment of trains: एनआईए ने रेलगाड़ियों के पटरी से उतरने में संभावित साजिश की प्रारंभिक जांच शुरू की

New Delhi.राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने हाल में रेलगाड़ियों के पटरी से उतरने की घटनाओं में किसी तरह की साजिश होने का पता लगाने के लिए प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है. अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि आतंकवाद रोधी एजेंसी के अधिकारी कम से कम चार ऐसी घटनाओं की जांच कर रहे हैं. एक अधिकारी ने बताया, ‘‘हालिया ट्रेन दुर्घटनाओं/रेलगाड़ियों के पटरी से उतरने की घटनाओं में किसी तरह की साजिश होने का पता लगाने के लिए प्रारंभिक जांच शुरू की गई है. फिलहाल, कम से कम चार ऐसे मामलों की जांच की जा रही है.’’
अधिकारी ने कहा कि अब तक ऐसा कोई ठोस सबूत नहीं मिला है, जिससे पता चल सके कि इन रेल दुर्घटनाओं की या रेलगाड़ियों को पटरी से उतारने की साजिश रची गई थी.
पिछले दो महीनों में कुछ ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें रसोई गैस के खाली सिलेंडर, सीमेंट के स्लीपर और पत्थर के अलावा अन्य वस्तुएं रेल पटरियों पर रखी गई थीं, जिससे पता चलता है कि रेलवे की संपत्ति और यात्रियों को नुकसान पहुंचाने का जानबूझकर प्रयास किया गया.
नौ अक्टूबर को उत्तर प्रदेश में कुंदनगंज की ओर जा रही एक मालगाड़ी ने रायबरेली-प्रयागराज रेलवे जंक्शन पर ‘सीमेंट के स्लीपर’ को टक्कर मार दी थी. चालक ने आपातकालीन ब्रेक लगाया लेकिन इंजन के अगले हिस्से के वस्तु से टकराने को नहीं रोक सका.

प्रयागराज से आठ सितंबर को भिवानी जा रही कालिंदी एक्सप्रेस को भी पटरी से उतारने की कोशिश की गई. घटना को अंजाम देने की कोशिश के तहत पटरी पर एक रसोई गैस सिलेंडर रखा गया था. वहां से माचिस की डिबिया और एक बोतल पेट्रोल भी बरामद किया गया था, जिससे रेलगाड़ी को दुघर्टनाग्रस्त करने के प्रयास का संकेत मिलता है.
कानपुर के गोविंदपुरी स्टेशन के पास 17 अगस्त की सुबह साबरमती एक्सप्रेस पैसेंजर ट्रेन के 20 डिब्बे पटरी से उतर गए. इसका इंजन पटरी पर रखी किसी वस्तु से टकरा गया था. ट्रेन के लोको पायलट ने बताया कि इंजन के ‘कैटल गार्ड’ से एक पत्थर टकराया, जिससे वह बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और मुड़ गया. कानपुर और भीमसेन रेलवे स्टेशनों के बीच तड़के करीब 2.35 बजे हुई इस दुर्घटना में कोई हताहत नहीं हुआ.

रेल मंत्री ने की थी जांच की घोषणा

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने पिछले महीने कहा था कि रेल प्रशासन रेलगाड़ियों को पटरी से उतारने की संभावित कोशिशों के मद्देनजर सतर्क है और कई राज्यों में एनआईए और पुलिस सहित अधिकारियों के साथ बातचीत कर रहा है. उन्होंने कहा, ‘‘राज्य सरकारों, पुलिस महानिदेशकों और गृह सचिवों के साथ बातचीत की जा रही है. एनआईए भी इसमें शामिल है. जो भी इस तरह की दुर्घटना कराने की कोशिश करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. यह हमारा संकल्प है.

अगस्त में, वैष्णव ने कहा था कि कुछ घटनाओं में परेशान करने वाली चीजें सामने आई हैं और रेलवे प्रत्येक घटना की विस्तृत जांच कर रहा है. वह रेल पटरियों पर पत्थर और छड़ रखे जाने के कारण ट्रेनों के पटरी से उतरने की घटनाओं के सिलसिले में पूछे गए सवालों का जवाब दे रहे थे.

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