


चाईबासा. प्रतिबंधित भाकपा माओवादी संगठन की राष्ट्रविरोधी गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए पश्चिमी सिंहभूम जिला पुलिस, कोबरा 209 और अन्य सुरक्षा बलों की संयुक्त टीम को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. 31 अगस्त को जराईकेला थाना क्षेत्र अंतर्गत सारंडा के जंगली-पहाड़ी क्षेत्र से दो कुख्यात माओवादियों को गिरफ्तार किया गया है.
इनमें संगठन का सब जोनल कमेटी सदस्य छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के गोरनाम का रहने वाला संदीप उर्फ हिडिमा पाडेयाम और एरिया कमेटी सदस्य सरायकेला के कुचाई थाना अंतर्गत जोजोडीह के जोमरो टोला का निवासी शिवा बोदरा उर्फ शिबु शामिल है.
ये दोनों नक्सली 40 से भी अधिक माओवादी मामलों में वांछित थे. शिवा बोदरा की संलिप्तता ओडिशा राज्य के राउरकेला जिला अंतर्गत केबालांग थाना क्षेत्र के ग्राम बांको में हुए विस्फोटक लूटकांड में भी पाई गई है. गिरफ्तारी के दौरान इनके पास से हथियार, कारतूस, मैगजीन, वॉकी-टॉकी, डेटोनेटर और आइईडी बनाने का सामान बरामद किया गया.
यह कार्रवाई पश्चिमी सिंहभूम जिले के पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन को मिली गुप्त सूचना के आधार पर की गई, जिसमें बताया गया था कि माओवादी संगठन के शीर्ष नेता मिसिर बेसरा, अनमोल, मोछु, अनल, असीम मंडल, अजय महतो, सागेन अंगरिया और अश्विन अपने दस्ते के साथ सारंडा क्षेत्र में सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाने और नई भर्ती के उद्देश्य से सक्रिय हैं.
इस सूचना की पुष्टि के लिए अपर पुलिस अधीक्षक (अभियान) पारस राणा के नेतृत्व में विशेष अभियान दल का गठन किया गया था, जिसमें झारखंड पुलिस और कोबरा 209 की टीमों ने संयुक्त रूप से अभियान चलाया.
बताया गया कि पूछताछ के दौरान गिरफ्तार माओवादियों ने यह चौंकाने वाला खुलासा भी किया कि संगठन के केंद्रीय कमेटी सदस्य अनल उर्फ रमेश द्वारा महिला दस्ता सदस्यों का शारीरिक शोषण किया जाता है, और अवैध गर्भपात भी करवाए गए हैं. पुलिस द्वारा इन खुलासों की गहराई से जांच की जा रही है और संगठन की अन्य गतिविधियों पर भी नजर रखी जा रही है.



