
Seraikella-Kharsawan: सरायकेला के आदिवासी कल्याण हॉस्टल के जीर्णोद्धार में गुणवत्ता की घोर अनदेखी का मामला सामने आया है. ज्ञात हो कि तकरीबन 66 लाख के विकास कार्यों में खामियां मिलने पर जिला परिषद अध्यक्ष सोनाराम बोदरा ने तत्काल जांच के आदेश दिए हैं.

ज्ञात हो कि बीते दिनों सरायकेला जिला परिषद अध्यक्ष सोनाराम बोदरा ने हॉस्टल भवन का निरीक्षण किया तो निर्माण कार्य की कई खामियां सामने आयीं.

ज्ञात हो कि तकरीबन 66 लाख रुपये की लागत से हो रहे जीर्णोद्धार कार्य में शौचालय की स्थिति और रंग-रोगन का काम मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया. निरीक्षण के दौरान कई कमियां मिलने पर जिला परिषद अध्यक्ष ने नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को पूरे मामले की जांच कराने और कमियों को तत्काल दूर कराने का निर्देश दिया.
सूत्र बताते हैं कि कल्याण विभाग द्वारा संचालित इस हॉस्टल के जीर्णोद्धार की एजेंसी जिला परिषद है एवं कार्य का जिम्मा जयराज कंस्ट्रक्शन को दिया गया है.
स्थानीय लोगों का कहना है कि संवेदक की ओर से कार्य पूरा होने की बात कही जा रही हैं, लेकिन स्थल निरीक्षण के दौरान भौतिक स्थिति अलग है.भवन के विभिन्न हिस्सों में काम की गुणवत्ता को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं, जो जांच का विषय हैं.
निर्माण कार्य में खामी के मुद्दे पर जिला परिषद अध्यक्ष
सोनाराम बोदरा ने अधिकारियों को कार्य की गुणवत्ता की जांच कराने, सभी कमियों को तत्काल दुरुस्त कराने और कार्य एजेंसी को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया हैं.
श्री बोदरा ने कहा कि केवल मरम्मत के नाम पर खानापूर्ति स्वीकार नहीं की जाएगी. विकास कार्यों में तय मानकों का पालन हर हाल में होना चाहिए. भवन के जीर्णोद्धार में गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जा सकता.
मौके पर सहायक अभियंता विष्णु रवानी, कनीय अभियंता समेत अन्य संबंधित कर्मी मौजूद थे.

