- पुलिस की छवि बनाने में जुटे डीजीपी की पहल को आदित्यपुर में पुलिसकर्मी लगा रहे पलीता
- जनता को इंतजार है एसपी, डीजीपी, मुख्यमंत्री के उस एक्शन का, जो सरकार व पुलिस की छवि तय करेगी
जमशेदपुर : राज्य में सरकार तो जनता की है लेकिन कानून का पालन सुनिश्चित कराने वाली सरकारी मशीनरी ही कानून से ऊपर नजर आ रही है. हम बात कर रहे हैं कि एक वायरल वीडियो की जिसमें पुलिस की वर्दी में एक व्यक्ति बाईक सवार को लात- घूंसों से पीटता नजर आ रहा है. वहां भीड़ तमाशा देख रही है और वर्दी पहने व्यक्ति को सामने की बोलेरो से एक आवाज आती है चलो, उसके बाद वह बोलेरो से चला जाता है. यहां चर्चा है कि आम तौर पर बोलेरो का प्रयोग थानेदार करते हैं.

अब सवाल यह उठाया जा रहाहै कि जब पुलिसकी इसमें संलिप्त है तो वायरल वीडियो की जांच करेगा कौन ? पुलिस की संवेदनहीनता पर जिले एसपी संज्ञान लगें? पुलिस का चेहरा बदलने में जुटे डीजीपी नीरज क्या इस पर संज्ञान लेकर कार्रवाई करेंगे? मुख्यमंत्री तक यह बात पहुंचायी जायेगी ? जनता को इंतजार है एसपी, डीजीपी, मुख्यमंत्री के उस एक्शन का जिस पर घटना के बाद पुलिस की छवि, सरकार की संवेदनशीलता और जनता के प्रति उसकी जबावदेही तय होगी.