Site icon Lahar Chakra

Tata Group: टाटा ट्रस्ट्स का 1989 के शेयर हस्तांतरण में अनियमितता के आरोपों से इनकार

Mumbai. टाटा समूह में लगभग दो-तिहाई हिस्सेदारी रखने वाले गैर-लाभकारी संस्थानों के समूह टाटा ट्रस्ट्स ने वर्ष 1989 में हुए एक शेयर हस्तांतरण में किसी भी तरह की अनियमितता से शुक्रवार को इनकार किया। टाटा ट्रस्ट्स ने एक बयान में एक निजी व्यक्ति द्वारा लगाए गए आरोपों को ‘निराधार, अप्रमाणित और दुर्भावनापूर्ण’ बताया। ये आरोप नवाजबाई रतन टाटा ट्रस्ट (एनआरटीटी) द्वारा 1989 में दिवंगत नवल एच टाटा को किए गए 833 शेयरों के हस्तांतरण से जुड़े हैं। यह बयान उस समय आया जब सुरेश पाटिलखेड़े नाम के व्यक्ति ने चैरिटी कमिश्नर के कार्यालय में इस लेनदेन की जांच की मांग की है। यह कदम टाटा ट्रस्ट्स की आठ जून को होने वाली अहम बोर्ड बैठक से कुछ दिन पहले उठाया गया है।

टाटा ट्रस्ट्स ने कहा कि यह लेनदेन पूरी तरह वैध था, उचित मूल्य पर किया गया था और उस समय लागू सभी नियमों के अनुरूप था। बयान के मुताबिक, इस शेयर हस्तांतरण को आवश्यक स्तरों पर मंजूरी मिली थी, जिसमें प्रख्यात वकील नानी ए. पालखीवाला की स्वीकृति भी शामिल थी, और इसे टाटा संस के तत्कालीन निदेशक मंडल ने भी अनुमोदित किया था। टाटा ट्रस्ट्स ने यह भी कहा कि शेयर हस्तांतरण वैध फॉर्म के माध्यम से किया गया था, जिस पर कंपनी रजिस्ट्रार की विधिवत मुहर लगी थी।

Exit mobile version