


Jamshedpur. टाटा स्टील में लीव बैंक की बैठक में 11 छुट्टियों को मंजूरी दी गयी है. गुरुवार को लीव बैंक कमेटी की बैठक हुई, जिसमें प्रबंधन की ओर से वीपी एचआरएम अतरई सान्याल, टाटा वर्कर्स यूनियन की ओर से अध्यक्ष संजीव चौधरी टुन्नु समेत अन्य लोग मौजूद थे. इस दौरान कुल 13 प्रस्तावों पर विचार किया गया. इसमें 11 लोगों के आवेदन को मंजूरी दी गयी. वहीं, दो लोगों के मेडिकल सर्टिफिकेट की जांच करने के लिए समय लिया गया है. इसको पेंडिंग डाल दिया गया है.
अब तक टाटा स्टील के लीव बैंक में 18 हजार 100 छुट्टियां जमा है. पहले इसमें करीब 25 हजार छुट्टियां थी. लेकिन करीब 7 हजार लोगों ने इसकी छुट्टी ले ली. लेकिन कालांतर में लोगों ने 1100 छुट्टियां इस बैंक को लौटा भी दी. लिहाजा, अभी करीब 18100 छुट्टी बच गयी है. टाटा स्टील में लीव बैंक का कांसेप्ट 1 जनवरी 2020 को आया था. इसके तहत टाटा स्टील जमशेदपुर प्लांट व टयूब डिविजन में कार्यरत सभी अधिकारी और स्थायी कर्मचारी इस बैंक के सदस्य हैं. उन्हें अपने आधे दिन का सिक लीव इस बैंक को देना होता है. इसके बाद कोई भी कर्मचारी यदि बीमार पड़ता है या वे किसी दुर्घटना के शिकार होते है और उनके पास कोई छुट्टी नहीं बची है. वे लीव विदआउट पे (बिना वेतन की छुट्टी) वाले हैं तो ऐसे कर्मचारियों को लीव बैंक से अधिकतम 120 दिनों (जरूरत के अनुसार) की छुट्टी या संबधित कर्मचारी का बेसिक व डीए दिया जाएगा.
स्वस्थ होने पर ऐसे व्यक्ति को ली गई अपनी कुल छुट्टी का 50 प्रतिशत बैंक का लौटाना होगा. यदि कोई इस बैंक का सदस्य नहीं बनना चाहता है तो उन्हें चीफ एकाउंट्स के पास आवेदन देना होगा. आवेदन देने पर ऐसा कर्मचारी लॉकिंग पीरियड के तहत अगले पांच वर्षों तक फिर इस बैंक के सदस्य नहीं बन पाएंगे. 58 वर्ष उम्र वाले कर्मचारी से ही बैंक उनका सिक लीव लिया जाता है. इसके बाद ऐसे कर्मचारी 60 वर्ष की उम्र तक इसकी सुविधा पाने के हकदार होंगे.
यदि बैंक से छुट्टी लेने वाले कर्मचारी की मृत्यु हो जाती है या वे मेडिकल सपरेशन स्कीम या उनके आश्रित इम्प्लाई फैमिली बेनीफिट स्कीम के हकदार होते हैं तो उनसे छुट्टी वापस नहीं ली जाती है. ट्रेनिंग में जो भी प्रशिक्षु कार्यरत हैं वे भी इस बैंक से लीव ले सकते हैं. जो वे छुट्टी अर्न करेंगे तो उनके खाते से सिक लीव काटा जाता है. संबधित आवेदक को तभी इस बैंक से लीव मिलता है जब उसकी सभी सिक लीव, पर्सनल और कैजुअल लीव समाप्त हो चुके हो और दस दिनों से ज्यादा समय से लीव विदआउट पे हैं. टाटा मोटर्स जमशेदपुर व लखनऊ में लीव बैंक प्रभावी है. टाटा स्टील जल्द ही इस बैंक को अपने सभी लोकेशन में प्रभावी करने की तैयारी कर रही है.



