


New Delhi. मोहाली की एक विशेष एनआईए अदालत ने 2019 में आतंकी हमला करने के लिए पंजाब में ड्रोन के जरिए विस्फोटक और हथियारों की तस्करी करने के आरोप में प्रतिबंधित खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स (केजेडएफ) से जुड़े छह आतंकवादियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है. अधिकारियों ने मंगलवार को बताया कि केजेडएफ के अलावा, दोषियों का संबंध घोषित आतंकवादियों (जर्मनी स्थित गुरमीत सिंह उर्फ बग्गा और पाकिस्तान स्थित रंजीत सिंह उर्फ नीता) से भी है. उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) की विशेष अदालत ने इस मामले में तीन अन्य लोगों को 10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है.
एनआईए के एक प्रवक्ता ने एक बयान में कहा, “आकाशदीप सिंह, बलवंत सिंह, हरभजन सिंह, बलबीर सिंह, मान सिंह और गुरुदेव सिंह को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है, जबकि आरोपी शुभदीप सिंह, साजनप्रीत सिंह और रोमनदीप सिंह को मामले में उनकी भूमिका के लिए 10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है. बयान में कहा गया कि अदालत ने सभी दोषियों पर जुर्माना भी लगाया है. एनआईए ने अक्टूबर 2019 में अमृतसर पुलिस से जांच का जिम्मा संभाला था.



