


जमशेदपुर। 26 फरवरी 2014 को मुंबई के समीप हुए सिंधुरत्न पनडुब्बी हादसे में वीरगति को प्राप्त भारतीय नौसेना के लेफ्टिनेंट कमांडर मनोरंजन कुमार को उनकी पुण्यतिथि पर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। यह हादसा आईएनएस सिंधुरत्न पर हुआ था, जिसमें देश ने अपने जांबाज सपूत को खो दिया था।
श्रद्धांजलि सभा में उमड़ा जनसैलाब
इस अवसर पर शहीद के पिता सूबेदार नवीन कुमार, अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद के सदस्यगण तथा बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित हुए। परिषद के झारखंड महामंत्री सिद्धनाथ सिंह ने कहा कि शहीद मनोरंजन कुमार युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे माता-पिता पूज्य हैं, जिनकी कोख से देश के लिए प्राण न्योछावर करने वाला वीर जन्म लेता है।
संध्या 6 बजे परिषद की टोली शहीद के निवास स्थान पहुँची और प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उनके अदम्य साहस को नमन किया। वरिष्ठ सदस्य अवधेश कुमार के नेतृत्व में सभी पूर्व सैनिकों ने श्रद्धासुमन अर्पित किए। इस दौरान “भारत माता की जय” और “शहीद मनोरंजन कुमार अमर रहे” के नारों से वातावरण गूँज उठा।
साहित्यिक श्रद्धांजलि: पुस्तक लोकार्पण समारोह
इसी अवसर पर रांची में एक विशेष साहित्यिक आयोजन भी किया गया। वाक्यवट प्रकाशन के तत्वावधान में वास्तु बिहार, रांची में लेखक मनोरंजन कुमार की बहुप्रतीक्षित कृति “सिंधुरत्न का महायायक” का भव्य लोकार्पण हुआ।
पुस्तक का संपादन श्री दिव्येंदु त्रिपाठी ने किया है। प्रकाशन से जुड़े साहित्यकारों ने कहा कि यह कृति हिंदी साहित्य में महत्वपूर्ण स्थान बनाएगी और पाठकों को एक प्रेरक साहित्यिक यात्रा पर ले जाएगी। समारोह में साहित्य, संस्कृति और पत्रकारिता जगत की कई हस्तियाँ उपस्थित रहीं और पुस्तक की विशेषताओं पर विस्तृत चर्चा की गई।
वीरता और देशप्रेम को नमन
कार्यक्रम में उपस्थित कवि एवं गणमान्य लोगों ने शहीद के माता-पिता से मिलकर उनका हाल-चाल जाना। सभी ने झारखंड के लाल को उनकी वीरता, देशप्रेम और सर्वोच्च बलिदान के लिए नमन किया।
लेफ्टिनेंट कमांडर मनोरंजन कुमार का बलिदान देशवासियों के लिए सदैव प्रेरणा का स्रोत रहेगा। उनकी शहादत आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरित करती रहेगी।




