जमशेदपुर। मरीन ड्राइव पर 24 सितंबर की देर रात हुए सड़क हादसे में चार युवाओं की मौत से शहर में शोक का माहौल है। हादसे में तृषा सिंह, वंशिका खंडेलवाल, सार्थक और नमन की मौत के बाद धर्म रक्षिणी पुरोहित महासंघ की ओर से शुक्रवार को साक्षी स्थित आनंदेश्वर शिव मंदिर परिसर में शोकसभा आयोजित की गई।

शोकसभा में जमशेदपुर के विभिन्न क्षेत्रों से आचार्य और पुरोहित शामिल हुए। उपस्थित आचार्यों ने दिवंगत युवाओं की आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखा और भगवान भोलेनाथ से प्रार्थना की। इस दौरान शोक संतप्त परिवारों को इस कठिन समय को सहन करने की शक्ति देने की भी प्रार्थना की गई।

चार युवाओं की मौत से लौहनगरी मर्माहत
शोकसभा में वक्ताओं ने कहा कि चार होनहार युवाओं को खोने से लौहनगरी मर्माहत है। महासंघ के सदस्यों ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए ईश्वर से उन्हें इस दुख की घड़ी में धैर्य और संबल प्रदान करने की कामना की।
आचार्यों ने भगवान शिव से दिवंगत आत्माओं की शांति के साथ-साथ उनके परिजनों को इस अपूरणीय क्षति को सहने की शक्ति देने की प्रार्थना की।
युवाओं से परिवार की बात मानने की अपील
धर्म रक्षिणी पुरोहित महासंघ के अध्यक्ष विपिन कुमार झा ने कहा कि युवा समाज, राज्य और राष्ट्र का भविष्य हैं। राष्ट्र निर्माण में युवाओं की अहम भूमिका है।
उन्होंने युवाओं से अपील करते हुए कहा कि इस घटना से सीख लेते हुए वे अपने परिवार की बातों को गंभीरता से लें और अपने भविष्य को सुरक्षित एवं उज्ज्वल बनाने की दिशा में आगे बढ़ें।
ये आचार्य रहे मौजूद
शोकसभा में मुन्ना पांडे, गोपाल कुमार झा, गोविंद कुमार झा, रुपेश कुमार झा, आनंद सर मिश्र, सतीश पांडे, शंकर मिश्र, चंद्रकांत झा, भोला पांडे, रजनीश तिवारी, अमित शर्मा सहित जमशेदपुर के विभिन्न क्षेत्रों से आए अन्य आचार्य और महासंघ के सदस्य उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में सभी ने दिवंगत युवाओं की आत्मा की शांति और शोकाकुल परिवारों को इस दुख को सहन करने की शक्ति देने के लिए भगवान भोलेनाथ से प्रार्थना की।

