


चाईबासा, 16 अगस्त 2026। कोल्हान विश्वविद्यालय, चाईबासा और उसके 18 अंगीभूत महाविद्यालयों में अप्रेंटिसशिप के लिए चयन प्रक्रिया का दूसरा चरण शुरू किया जा रहा है। विश्वविद्यालय की ओर से जारी सूचना के अनुसार, पहले चरण में आवेदन कर चुके 397 अभ्यर्थियों को दूसरे चरण में अपनी प्राथमिकता दोबारा दर्ज करने का अवसर दिया गया है। इसके तहत 12 अगस्त से 19 अगस्त 2026 तक प्राथमिकता दर्ज की जा सकती है।
129 अप्रेंटिसशिप पदों पर होगा चयन
कोल्हान विश्वविद्यालय में अप्रेंटिसशिप के लिए कुल 397 आवेदन प्राप्त हुए थे। विश्वविद्यालय मुख्यालय, स्नातकोत्तर विभाग और उसके 18 अंगीभूत महाविद्यालयों में कुल 129 अप्रेंटिसशिप पद उपलब्ध हैं।
विश्वविद्यालय प्रशासन का लक्ष्य उपलब्ध रिक्तियों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत योग्य अभ्यर्थियों से भरना है। इसके लिए पहले से आवेदन कर चुके शेष अभ्यर्थियों को एक और अवसर दिया गया है।
पहली सूची में 107 अभ्यर्थियों का हुआ था चयन
विश्वविद्यालय द्वारा इससे पहले 107 अप्रेंटिस अभ्यर्थियों की पहली सूची जारी की गई थी। इनमें से 39 अभ्यर्थी कोल्हान विश्वविद्यालय, स्नातकोत्तर विभाग एवं विभिन्न अंगीभूत महाविद्यालयों में योगदान देकर वर्तमान में कार्यरत हैं।
अब शेष रिक्त पदों को भरने के लिए दूसरी सूची तैयार की जानी है। इसी प्रक्रिया के तहत बचे हुए अभ्यर्थियों से दोबारा संस्थानों की प्राथमिकता दर्ज करने को कहा गया है।
सभी 18 कॉलेजों को प्राथमिकता देने की अपील
विश्वविद्यालय प्रशासन ने शेष अभ्यर्थियों से अपील की है कि प्राथमिकता दर्ज करते समय केवल किसी एक संस्थान का चयन न करें। अभ्यर्थियों को कोल्हान विश्वविद्यालय, स्नातकोत्तर विभाग और सभी 18 अंगीभूत महाविद्यालयों को अपनी प्राथमिकता सूची में शामिल करने की सलाह दी गई है।
विश्वविद्यालय का कहना है कि अधिक संस्थानों को प्राथमिकता देने से उपलब्ध अप्रेंटिसशिप अवसरों का लाभ अधिक से अधिक योग्य अभ्यर्थियों को मिल सकेगा।
NATS ID और पासवर्ड से दर्ज होगी प्राथमिकता
अभ्यर्थी अपनी NATS पहचान संख्या और कूटशब्द (Password) के माध्यम से संबंधित पोर्टल पर प्रवेश कर प्राथमिकता दर्ज कर सकते हैं। जिन अभ्यर्थियों को ऑनलाइन प्रक्रिया में परेशानी हो, वे साझा सेवा केंद्र के माध्यम से भी अपनी प्राथमिकता दर्ज करा सकते हैं।
विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि यह प्रक्रिया केवल पहले से आवेदन कर चुके शेष अभ्यर्थियों के लिए है। नए आवेदकों को दोबारा आवेदन करने की आवश्यकता नहीं है।
19 अगस्त है अंतिम तिथि
विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी पात्र शेष अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे 19 अगस्त 2026 की अंतिम तिथि से पहले अपनी प्राथमिकता अनिवार्य रूप से दर्ज कर दें। समय सीमा समाप्त होने के बाद प्राथमिकता दर्ज करने का अवसर उपलब्ध नहीं होगा।
अप्रेंटिसशिप के दूसरे चरण की यह प्रक्रिया विश्वविद्यालय और उसके अंगीभूत महाविद्यालयों में उपलब्ध प्रशिक्षण एवं कार्य-अवसरों को योग्य युवाओं तक पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

