



Kharasawan. कुचाई के डांगो गांव में दिसुम दोकोल होलोंग लोपोंग मागे नृत्य का आयोजन किया गया. पहले जाहरेथान (देशाउली) में पूजा अर्चना की. इसके बाद मांदर की थाप पर नृत्य किया. डांगों में आयोजित मागे नृत्य में शामिल होने के लिये विधायक दशरथ गागराई भी पहुंचे. दशरथ गागराई ने मांदर की थाप पर नृत्य किया.
साथ ही गांव के लोग मांदर व नगाडे की थाप पर मागे गीतों में लय से लय मिलाते हुए नृत्य किया. मौके पर विधायक दशरथ गागराई ने कहा कि मागे पर्व सृजन का पर्व है. मागे पर्व हमारी परंपरा व संस्कृति से जुड़ा हुआ है. परंपरा व संस्कृति ही हमारी पहचान है. इसे संरक्षित करने की आवश्यकता है. यह पर्व से आपसी भाईचारा को बढ़ावा मिलता है.


