


Patna: बिहार के 2011 बैच के IPS अधिकारी आदित्य कुमार का तीन साल से अधिक समय तक चल रहा निलंबन अब खत्म हो गया है. गृह विभाग ने शुक्रवार को उन्हें निलंबनमुक्त कर दिया है और बिहार पुलिस मुख्यालय में पदस्थापित करने की तैयारी शुरू कर दी है.
आदित्य कुमार पर आरोप था कि उन्होंने डीजीपी को हाईकोर्ट जज के नाम पर फर्जी कॉल की थी, जिससे विवाद शुरू हुआ था. इस मामले में आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) द्वारा प्राथमिकी दर्ज कर अक्टूबर 2022 में उन्हें तत्काल निलंबित कर दिया गया था.
हालांकि, विभागीय और आपराधिक जांच अभी भी जारी है और इसका अंतिम फैसला बाद में लिया जाएगा.
बिहार में विधानसभा चुनाव के ठीक पहले आदित्य कुमार को यह राहत मिली है, जिससे उनके समर्थक राहत की सांस ले रहे हैं. आदेश के तहत उन्हें निलंबन से मुक्त कर मुख्यालय में कार्यभार संभालने को कहा गया है.]



