जमशेदपुर : जमशेदपुर को ऑपरेटिव कॉलेज के संस्थापक एमडी मदन साहब के 63 पुण्यतिथि मनाई गई। जिसमें मुख्य रूप से कालेज के संस्थापक एमडी मदन के पुत्र डी एम मदन मुख्य रूप से उपस्थित थे। कार्यक्रम की शुरूआत प्राचार्य डा अमर सिंह समेंत सभी सदस्यों के द्वारा एमडी मदन के प्रतिमा पर माल्याणपर्ण किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डा अमर सिंह के द्वारा कहा गया कि आज एमडी मदन साहब के प्रयास से ही गरीब व मध्यम वर्गीय परिवार के बच्चों के द्वारा महाविद्यालय से शिक्षा ग्रहण कर रहे है एवं
अपने जीवन में सफल हो रहे है। यह पुरे समाज के लिए शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ी मिशाल है। इस अवसर पर डाक्टर डी एम मदन के द्वारा अपने पिता के द्वारा शिक्षा के अलख जगाने को लेकर किए गए कार्यों के बारे में उपस्थित लोगो को बताया। कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ अमर सिंह, मदन साहब के पुत्र डॉक्टर डी एम मदन,डा ब्रजेश कुमार, अर्थपाल डा अशोक कुमार रवानी, परीक्षा नियंत्रक डा भूषण कुमार सिंह, डा अनिल कुमार झा, डा कृष्णा प्रसाद, डा स्वाति सोरेन, इंटर शिक्षक राजीव दुबे,चंदन कुमार,संजय यादव, शंकर लाल, विश्वनाथ कुमार, आदि उपस्थित थे।

पर्यावरण बचाने से ही मानव जीवन बेहतर होगा : डा अमर सिंह
जमशेदपुर : स्वामी विवेकानंद सभागार, को-ऑपरेटिव महाविद्यालय में बुधवार को जमशेदपुर शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास का स्थापना दिवस समारोह भव्यता के साथ संपन्न हुआ।कार्यक्रम में विचारोत्तेजक वक्तव्यों एवं सारगर्भित संवादों का समावेश रहा।कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अमर सिंह ने की। मुख्य वक्ता के रूप में डॉ. कविता परमार, जिला परिषद सदस्य एवं विभाग संयोजिका, शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास, जमशेदपुर विभाग तथा डॉ. नवीन कुमार वेल्दुर्थी, सहायक प्राध्यापक, एन.आई.टी. जमशेदपुर उपस्थित थे। मंच पर डॉ. ब्रजेश कुमार, विभागाध्यक्ष, वनस्पति विज्ञान विभाग, डॉ. नीता सिन्हा, सह प्राध्यापक, रसायन विभाग एवं आई.क्यू.ए.सी. संयोजिका तथा डॉ. अशोक कुमार रवानी, विभागाध्यक्ष, वाणिज्य विभाग भी मंचासीन थे।कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के परिचय एवं स्वागत से हुई। तत्पश्चात दीप प्रज्वलन की परंपरा निभाई गई। स्वागत भाषण प्राचार्य डॉ. अमर सिंह द्वारा प्रस्तुत किया गया।इसके उपरांत डॉ. कविता परमार ने न्यास की स्थापना, शिक्षा बचाओ आंदोलन की पृष्ठभूमि एवं अब तक की यात्रा पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डाला। उन्होंने न्यास द्वारा संचालित 11 प्रमुख विषयों में हो रहे कार्यों का उल्लेख करते हुए बताया कि किस प्रकार यह संस्था नई शिक्षा नीति के क्रियान्वयन में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।इसके बाद डॉ. नवीन कुमार वेल्दुर्थी ने पर्यावरण विषय पर सरल एवं प्रभावशाली शैली में अपने विचार साझा किए। उन्होंने बताया कि पर्यावरण संरक्षण शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास के प्रमुख विषयों में से एक है। एन.आई.टी. जमशेदपुर परिसर में उन्होंने 280 किलो प्लास्टिक के निष्पादन जैसे उल्लेखनीय कार्यों का उल्लेख करते हुए आम नागरिकों को भी छोटे-छोटे प्रयासों से पर्यावरण सुरक्षा में भागीदार बनने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम का कुशल संचालन डॉ. प्रियंका सिंह, सहायक प्राध्यापक, हिंदी विभाग ने किया। समापन सत्र में डॉ. अशोक कुमार रवानी, विभागाध्यक्ष, वाणिज्य विभाग द्वारा धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया गया।इस अवसर पर महाविद्यालय के सभी शिक्षकगणों सहित लगभग 100 छात्र-छात्राओं ने सक्रिय सहभागिता निभाई। कार्यक्रम न केवल बौद्धिक दृष्टिकोण से समृद्ध रहा, बल्कि सामाजिक चेतना को भी प्रेरित करने वाला सिद्ध हुआ।