


Jamshedpur.टाटा स्टील में कार्यरत रहे ठेकाकर्मी रोबिन महतो की मृत्यु के बाद सोमवार को शहर में काफी गहमागहमी रही। मुआवजे और आश्रितों को नौकरी की मांग को लेकर झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (जेकेएलएम) के कार्यकर्ताओं ने टाटा स्टील के जनरल ऑफिस गेट का घेराव कर प्रदर्शन किया। रांची के सिल्ली निवासी रोबिन महतो (57) पिछले 20 वर्षों से टाटा स्टील की ठेका कंपनी एलएंडटी में कार्यरत थे। जेकेएलएम नेता देवेंद्र महतो के अनुसार, 20 जनवरी को कार्य के दौरान रोबिन एक दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
उनका इलाज लंबे समय तक टाटा मुख्य अस्पताल में चला, जहां रविवार शाम उन्होंने अंतिम सांस ली। इसके बाद हंगामा शुुरू हो गया। सोमवार शाम जेकेएलएम कार्यकर्ताओं ने कंपनी के गेट पर धरना दिया। प्रदर्शनकारियों की शुरुआती मांग 50 लाख रुपये मुआवजा और मृतक के तीन बच्चों को कंपनी में स्थायी नौकरी देने की थी। इस दौरान गेट पर आवाजाही पूरी तरह ठप रही। स्थिति को देखते हुए प्रबंधन ने वार्ता की पहल की। अंततः 13 लाख रुपये मुआवजा और तत्काल सहायता के रूप में 1 लाख रुपये (कुल 14 लाख रुपये) देने पर दोनों पक्षों में सहमति बनी।
कंपनी प्रबंधन ने स्पष्ट किया कि रोबिन महतो को 28 फरवरी को ही टीएमएच से छुट्टी दे दी गई थी। वे अपने घर पर ही स्वास्थ्य लाभ ले रहे थे और 6 मार्च को ओपीडी में जांच के लिए भी आए थे। रविवार शाम जब उन्हें दोबारा अस्पताल लाया गया, तब तक उनका निधन हो चुका था।



