
जमशेदपुर: झारखंड ग्रामीण बैंक के सिंहभूम क्षेत्र की व्यावसायिक प्रगति की समीक्षा बैठक गुरुवार को आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता श्रीकांत कटारे ने की। इसमें पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां जिले की 82 शाखाओं के शाखा प्रबंधकों एवं क्षेत्रीय कार्यालय के अधिकारियों ने भाग लिया।
बैठक में बैंक के व्यवसायिक प्रदर्शन, सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, वित्तीय समावेशन, महिला सशक्तिकरण और ग्रामीण विकास को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई। साथ ही आगामी वित्तीय लक्ष्यों को लेकर शाखा प्रबंधकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
राज्य का तीसरा सबसे बड़ा ग्रामीण बैंक
बैठक में बताया गया कि 462 शाखाओं के साथ झारखंड ग्रामीण बैंक, शाखाओं की संख्या के आधार पर राज्य का तीसरा सबसे बड़ा बैंक है। सिंहभूम क्षेत्र में पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां जिलों में बैंक की कुल 82 शाखाएं ग्रामीण और शहरी ग्राहकों को बैंकिंग सेवाएं प्रदान कर रही हैं।
श्रीकांत कटारे ने कहा कि बैंक केवल वित्तीय सेवाएं उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने, स्वरोजगार को बढ़ावा देने और सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए भी प्रतिबद्ध है।
महिला सशक्तिकरण और स्वरोजगार पर विशेष जोर
बैठक में बताया गया कि मंईयां सम्मान योजना के लाभार्थियों को स्वरोजगार के लिए ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके अलावा प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP), प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (PMFME) के तहत पात्र उद्यमियों को ऋण दिया जा रहा है।
महिला स्वयं सहायता समूहों को राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) के तहत वित्तीय सहायता दी जा रही है। वहीं उद्यमी दीदी और लखपति दीदी जैसी योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बैंक लगातार कार्य कर रहा है।
10 हजार स्वयं सहायता समूहों और 5 हजार किसानों को मिला लाभ
बैठक में साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार वित्तीय वर्ष 2025-26 और 2026-27 के दौरान बैंक ने लगभग 10 हजार स्वयं सहायता समूहों को ऋण उपलब्ध कराया। इसके अलावा 4 हजार महिला उद्यमियों को उद्यमी दीदी योजना के तहत वित्तीय सहायता दी गई तथा करीब 5 हजार किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) जारी किए गए।
बैंक ने बताया कि किसानों को कृषि गतिविधियों के विस्तार और महिला उद्यमियों को छोटे व्यवसाय शुरू करने के लिए प्राथमिकता के आधार पर ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है।
15 लाख तक शिक्षा ऋण और आधुनिक डिजिटल बैंकिंग सुविधा
बैठक में जानकारी दी गई कि गुरुजी छात्र ऋण कार्ड योजना के तहत योग्य विद्यार्थियों को 15 लाख रुपये तक का शिक्षा ऋण बिना मार्जिन राशि और अतिरिक्त सुरक्षा के उपलब्ध कराया जा रहा है।
इसके अलावा ग्राहकों को आवास ऋण, वाहन ऋण, व्यक्तिगत ऋण, बचत खाता, चालू खाता, सावधि जमा और आवर्ती जमा जैसी सुविधाओं के साथ मोबाइल बैंकिंग, इंटरनेट बैंकिंग, व्हाट्सएप बैंकिंग, वीडियो केवाईसी, एटीएम और माइक्रो एटीएम जैसी डिजिटल सेवाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं।
सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से भी जोड़ रहा बैंक
झारखंड ग्रामीण बैंक ग्राहकों को प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना (PMJJBY), प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना (PMSBY) और अटल पेंशन योजना (APY) से भी जोड़ रहा है। बैंक का उद्देश्य ग्रामीण और शहरी परिवारों को आर्थिक सुरक्षा के साथ सामाजिक सुरक्षा का लाभ भी उपलब्ध कराना है।
बैठक के अंत में शाखा प्रबंधकों को ग्राहक सेवा में सुधार, ऋण वितरण में तेजी और सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक निर्देश दिए गए।
