

Jamshedpur. जमशेदपुर में स्कूल वैन चालकों की अनिश्चितकालीन हड़ताल का सोमवार को मिला-जुला असर देखने को मिला। पांच वर्षीय छात्रा के साथ दुष्कर्म के मामले में एक स्कूल वैन चालक की गिरफ्तारी के विरोध में शुरू की गई. इस हड़ताल में वैन चालकों की एकजुटता पूरी तरह नजर नहीं आई। हड़ताल का सबसे ज्यादा असर टेल्को क्षेत्र में देखा गया, जहां अधिकांश स्कूल वैन नहीं चलीं। इसके कारण कई स्कूलों में बच्चों की उपस्थिति प्रभावित रही और अभिभावकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कुछ अभिभावक बच्चों को निजी वाहनों से स्कूल छोड़ने को मजबूर हुए, जबकि कई छात्रों को घर पर ही रोकना पड़ा। वहीं दूसरी ओर साकची और बिष्टुपुर जैसे प्रमुख इलाकों में वैन चालकों की हड़ताल कमजोर पड़ती दिखी।
इन क्षेत्रों में दोपहर तक अधिकांश स्कूल वैन सामान्य रूप से चलती रहीं और बच्चों को स्कूल लाने-ले जाने का काम जारी रहा। इससे साफ हो गया कि हड़ताल को लेकर चालकों के बीच मतभेद उभर आए हैं। हड़ताल कर रहे वैन चालकों का कहना है कि पूरे मामले में चालक को बिना पूरी जांच के गिरफ्तार किया गया है, जो अन्यायपूर्ण है। वे निष्पक्ष जांच और वैन चालकों के उत्पीड़न पर रोक की मांग कर रहे हैं।

वहीं प्रशासन और पुलिस का कहना है कि मामला बेहद संवेदनशील है और कानून के तहत कार्रवाई की गई है, किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल हड़ताल में आई इस फूट के चलते शहरभर में स्थिति सामान्य नहीं रह पाई। अभिभावक असमंजस में हैं और स्कूल प्रबंधन भी हालात पर नजर बनाए हुए हैं। यदि चालकों के बीच सहमति नहीं बनती है, तो आने वाले दिनों में हड़ताल का असर और सीमित हो सकता है।



