


रांची. अगले शैक्षणिक सत्र (वर्ष 2026-27) से राज्य के सरकारी व गैर सरकारी फार्मेसी संस्थानों में पढ़ाई एक अगस्त से शुरू हो जाएगी. संस्थानों को हर हाल में 30 जुलाई तक नामांकन प्रक्रिया पूरी करनी होगी.सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के आलोक में फार्मेसी काउंसिल आफ इंडिया ने राज्य सरकार तथा झारखंड फार्मेसी काउंसिल को पत्र भेजकर इसका अनुपालन करने के निर्देश दिए हैं. काउंसिल ने इसका शैक्षणिक कैलेंडर तय कर दिया है.
इसके तहत झारखंड संयुक्त प्रवेश प्रतियोगिता परीक्षा परिषद को मई माह में लिखित परीक्षा आयोजित कर लेनी होगी. झारखंड के फार्मेसी संस्थानों में नामांकन के लिए अलग लिखित परीक्षा आयोजित नहीं की जाती. परिषद पैरामेडिकल प्रवेश परीक्षा से ही इस पाठ्यक्रम में नामांकन के लिए मेधा सूची प्रकाशित कर काउंसलिंग आयोजित करती है. अब परिषद को 10 जून तक इस प्रवेश परीक्षा की तिथि घोषित कर देनी होगी.
30 जून तक पहले राउंड तथा 10 जुलाई तक दूसरे राउंड की काउंसलिंग पूरी की जाएगी. 30 जुलाई तक संस्थानों में नामांकन होगा. फार्मेसी काउंसिल आफ इंडिया ने संस्थानों की मान्यता, मान्यता वापसी आदि की भी तिथियां तय कर दी है. 15 जून तक ये सारी प्रक्रियाएं पूरी कर ली जाएंगी.
बताते चलें कि सर्वोच्च न्यायालय ने पार्श्वनाथ चैरिटेबल ट्रस्ट बनाम एआईसीटीई एवं अन्य मामले में फार्मेसी में नामांकन शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार आयोजित करने के निर्देश दिए हैं. झारखंड में वर्तमान सत्र में नामांकन के लिए काउंसलिंग की प्रक्रिया चल ही रही है. पहले राउंड की काउंसलिंग पूरी हो चुकी है.
राज्य में सरकारी क्षेत्र में फार्मेसी का एकमात्र संस्थान राजकीय फार्मेसी संस्थान, बरियातू हैं. इसकी अधिसंख्य पढ़ाई निजी संस्थानों एवं विश्वविद्यालयों में होती है.



