


जमशेदपुर: बालीगुमा और गोड़गोड़ा ग्राम सभा की पहल पर आदिवासियों ने उपायुक्त कार्यालय पर जन आक्रोश रैली कर अपना विरोध दर्ज कराया. इसमें लोग पारंपरिक हथियारों और वाद्य यंत्रों के साथ पहुंचे थे. यह आक्रोश रैली मानगो नगर निगम कार्यालय और मानगो अंचल कार्यालय के प्रस्तावित निर्माण के विरोध में आयोजित की गयी थी. ग्रामीणों का कहना था कि यह कार्य उनकी पारंपरिक भूमि पर किया जा रहा है.
प्रस्तावित भूमि का उपयोग बालीगुमा और गोड़गोड़ा में पारंपरिक शमशान घाट (माड़घाटी) और संथालों के पवित्र धार्मिक स्थल “बिंदू चाँदान जाहेर गाढ़” के रूप में किया जाता है. इसके बावजूद प्रशासन ने उसी जमीन को मानगो अंचल और नगर निगम कार्यालय के निर्माण के लिए चिन्हित कर दिया है.
ग्रामीणों का कहना था कि पांचवीं अनुसूची क्षेत्र में प्रशासन की मनमानी नहीं चलेगी. ग्राम सभा ने 31 जनवरी 2019 और 6 जनवरी 2024 को अपना विरोध दर्ज कराया था लेकिन इसे नहीं मानकर काम आगे बढ़ाया जा रहा है जो गलत है. इसके लिए 18 मार्च को वे शमशान भूमि और बिंदू चाँदान गाढ़ को शुद्धिकरण करेंगे.
विरोध प्रदर्शन में सामाजिक कार्यकर्ता मदन मोहन सोरेन, इन्द्रो माहली, माझी बाबा रमेश मुर्मू, मोहन हांसदा, पप्पू सोरेन, सोकेन सोरेन, राखल सोरेन, नोगा सोरेन, सुफल सोरेन, सानिया सोरेन, फाल्गुनी सोरेन, माझी बाबा सोमाय सोरेन, सनातन टुडू, सुरेश टुडू, मानसिंह टुडू, राजेश सोरेन, राजू माझी, बादल धोरा, अनिल धोरा, दोन्दो धोरा, मेनका सोरेन, बसंती सोरेन, किरण टुडू, सरला टुडू, पूर्णिमा टुडू, घुरमनी टुडू आदि मौजूद थे.



