


New Delhi. रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुधवार को लोकसभा को बताया कि वंदे भारत एसी चेयर कार का 300 से 400 किलोमीटर की यात्रा का किराया लगभग 2.19 रुपये प्रति किलोमीटर है, जो चीन, जापान और फ्रांस जैसे देशों से काफी कम है। वैष्णव के अनुसार, इन देशों में किराया 7 रुपये से लेकर 20 रुपये प्रति किलोमीटर तक होता है। वंदे भारत ट्रेनों के किराये के संबंध में पूछे गए प्रश्नों के लिखित उत्तर में वैष्णव ने कहा, ‘‘रेल मंत्रालय विभिन्न प्रकार की यात्री सेवाओं के किराये का निर्धारण करते समय सेवा की लागत, सेवा का स्तर, दी जाने वाली सेवाओं और सुविधाओं के प्रकार, वहनीयता, सामाजिक-आर्थिक पहलुओं पर गौर करता है।
उन्होंने बताया कि वंदे भारत सेवाएं फरवरी 2019 में शुरू की गई थीं और वर्तमान में 82 मार्गों पर 164 ट्रेनें चल रही हैं। रेल मंत्री ने जानकारी दी कि वंदे भारत ट्रेनें एक विशिष्ट किराया संरचना और बेहतर ‘सस्पेंशन’ सिस्टम, सेमी-हाई-स्पीड संचालन के साथ तेज गति, स्वचालित द्वार, आरामदेह सीटें, मिनी पैंट्री, सीसीटीवी और कवच जैसी सुविधाओं के साथ एक अलग यात्री सेवा खंड के रूप में संचालित होती हैं।
उन्होंने कहा कि वहनीयता को ध्यान में रखते हुए, इन ट्रेनों का किराया सेवा लागत से कम रखा गया है।
वैष्णव ने कहा, ‘‘वंदे भारत एसी चेयर कार का 300 से 400 किलोमीटर की यात्रा का किराया लगभग 2.19 रुपये प्रति किलोमीटर है, जो चीन, जापान और फ्रांस जैसे देशों में इसी तरह की सेवाओं के किराये से काफी कम है, जहां यह 7 रुपये से 20 रुपये प्रति किलोमीटर तक है। वहीं, ट्रेनों में वरिष्ठ नागरिकों के लिए रियायतें बहाल नहीं करने से संबंधित कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के प्रश्न के लिखित उत्तर में रेल मंत्री ने कहा कि भारतीय रेलवे में यात्रा करने वाले प्रत्येक यात्री को औसतन 45 प्रतिशत की रियायत मिलती है।
वैष्णव ने कहा, यदि सेवा प्रदान करने की लागत 100 रुपये है, तो टिकट की कीमत केवल 55 रुपये है। यह सब्सिडी सभी यात्रियों के लिए है। इसके अलावा, इस सब्सिडी से अधिक रियायतें कई श्रेणियों के लिए जारी हैं, जैसे कि दिव्यांगजनों की चार श्रेणियां, रोगियों की 11 श्रेणियां और छात्रों की 8 श्रेणियां।’’



