


Ranchi. चाईबासा स्थित बाल सुधार गृह (रिमांड होम) से 21 बाल कैदियों के फरार होने की घटना को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने राज्य सरकार की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए हैं. मरांडी ने सोशल मीडिया X पर बुधवार को लिखा कि यह घटना सुरक्षा व्यवस्था में घातक चूक है. दरअसल, यह घटना मंगलवार की शाम की है, जब चाईबासा स्थित रिमांड होम से 21 बाल कैदी तोडफ़ोड़ कर और जवानों को जख्मी कर फरार हो गए थे.
पुलिस ने अब तक चार फरार कैदियों को पकड़ लिया है, जबकि बाकी की तलाश जारी है. इस घटना के बाद से स्थानीय पुलिस और प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने शुरू कर दिए हैं.
बाबूलाल मरांडी का कहना है कि बाल सुधार गृह का मुख्य उद्देश्य भटके हुए किशोरों को समाज की मुख्यधारा में शामिल करना है, लेकिन चाईबासा की यह घटना इस बात को साबित करती है कि सरकार बाल सुधार गृह के नाम पर सिर्फ दिखावा कर रही है. बाबूलाल मरांडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से अपील की कि सभी फरार किशोरों को जल्द से जल्द वापस लाया जाए और उनके लिए उचित काउंसलिंग की व्यवस्था की जाए.



