


चाईबासा/जमशेदपुर।
कोल्हान विश्वविद्यालय के छठे दीक्षांत समारोह की तैयारियाँ अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। समारोह से पहले विश्वविद्यालय परिसर में आज शोभायात्रा (Convocation Procession) का पूर्ण अभ्यास किया गया। कुलपति ने स्वयं उपस्थित होकर पूरे कार्यक्रम की सूक्ष्म समीक्षा की और सभी पदाधिकारियों, अकादमिक काउंसिल एवं सीनियर सिंडिकेट सदस्यों को शोभायात्रा के दौरान पालन किए जाने वाले दिशा-निर्देशों की जानकारी दी।
अभ्यास के दौरान यह देखा गया कि कुलसचिव ध्वज को किस प्रकार लेकर चलेंगे, दोनों पंक्तियों में अकादमिक सदस्यों की चाल कैसी होगी, पंक्ति निर्माण करते समय पैर मिलाने का अभ्यास—ये सभी बिंदु कई बार दोहराए गए ताकि वास्तविक दिवस पर शोभायात्रा में कोई त्रुटि न हो। कुलपति ने स्वयं प्रत्येक चरण का निरीक्षण किया और आवश्यक सुधारों के निर्देश दिए।
दीक्षांत समारोह में कुलाधिपति के लिए विशेष परिधान कक्ष का निर्माण भी पूरा हो चुका है। कुलपति ने इस कक्ष का निरीक्षण किया और सुनिश्चित किया कि कुलाधिपति के आगमन से लेकर मंच तक पहुंचने तक की पूरी व्यवस्था व्यवस्थित रहे।
कुलपति ने मंच व्यवस्था—जैसे बैठने का क्रम, सम्मानित अतिथियों के लिए निर्धारित स्थान, पत्रकार दीर्घा, तकनीकी व्यवस्थाएँ आदि—का भी विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से जानकारी प्राप्त करते हुए यह सुनिश्चित किया कि समारोह के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था न हो।
बैठक में उपस्थित सभी संकायाध्यक्षों, कुलसचिव और पदाधिकारियों ने अपने-अपने संवादों का अभ्यास किया, ताकि समारोह के दौरान संचालन में किसी प्रकार की दिक्कत न आए।
जनसंपर्क उपनिदेशक चाईबासा को पत्रकारों के लिए उचित संख्या में पास निर्गत करने हेतु पत्र भी लिखा गया है, ताकि मीडिया प्रतिनिधियों के प्रवेश व कवरेज में कोई समस्या न हो।
विश्वविद्यालय के प्रवक्ता डॉ. ए. के. झा ने बताया कि दीक्षांत समारोह की सभी प्रमुख तैयारियाँ लगभग पूरी हो चुकी हैं, और आयोजन समिति यह सुनिश्चित कर रही है कि समारोह सफल, गरिमापूर्ण और यादगार बने।
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, शोभायात्रा का यह अंतिम अभ्यास आयोजन दिवस पर शालीनता, अनुशासन और अकादमिक गरिमा के साथ कार्यक्रम संपन्न कराने की दिशा में अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है।



