


Jamshedpur. बरसात के दौरान जलजमाव और अन्य दिक्कतों से बचाने के लिए उपायुक्त राजीव रंजन ने शनिवार को समाहरणालय में सभी नगर निकायों के पदाधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में उपायुक्त ने मानसून के दौरान उत्पन्न होने वाली समस्याओं से निपटने के लिए कई कड़े और महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए। बैठक में लिए गए फैसलों के तहत, मानसून के दौरान आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए प्रत्येक नगर निकाय में एक क्विक रिस्पांस टीम का गठन किया जाएगा। इसके साथ ही, आम जनता की शिकायतों को तुरंत सुनने और उनका समाधान करने के लिए एक विशेष टोल फ्री नंबर भी जारी किया जाएगा।
उपायुक्त ने पिछले तीन वर्षों के दौरान शहर के जिन इलाकों में सबसे ज्यादा जलजमाव (वाटर लॉगिंग) हुआ था, उनकी सूची की समीक्षा की। उन्होंने कड़े लहजे में कहा कि हर साल जलभराव झेलने वाले हॉटस्पॉट की पहचान कर वहां ड्रेनेज का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाए।
डीसी ने मानगो नगर निगम, जेएनएसी और जुगसलाई नगर परिषद समेत सभी निकायों को साफ-सफाई व्यवस्था मजबूत करने और बची हुई नालियों की युद्धस्तर पर सफाई कराने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारी बारिश के दौरान भी शहर की सड़कों पर पानी जमा नहीं होना चाहिए। इसके अलावा, बरसात के मौसम में संक्रामक बीमारियों और पेयजल संकट को रोकने के लिए जलापूर्ति तंत्र (वाटर सप्लाई सिस्टम) की जांच करने तथा आवश्यक मरम्मत कार्य को समय पर पूरा करने का टास्क अधिकारियों को सौंपा गया है।



