

जमशेदपुर। पूर्वी सिंहभूम जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच स्वर्णरेखा और खरकई नदी के जलस्तर में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। प्रशासन के अनुसार, खरकई नदी वर्तमान में खतरे के निशान से 1.95 मीटर ऊपर बह रही है। जलस्तर में बढ़ोतरी को देखते हुए जिला प्रशासन ने स्थिति पर निगरानी बढ़ा दी है और तटीय एवं निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है।
जिला प्रशासन ने नागरिकों से नदी घाटों और डूब क्षेत्र के आसपास जाने से बचने को कहा है। विशेष रूप से बच्चों को नदी एवं जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रखने की अपील की गई है। प्रशासन ने लोगों को अनावश्यक रूप से जलजमाव वाले इलाकों में आवागमन नहीं करने की सलाह दी है।
निचले और तटीय क्षेत्रों में रहने वालों को सतर्क रहने की सलाह
प्रशासन की ओर से कहा गया है कि स्वर्णरेखा एवं खरकई नदी के तटीय तथा निचले क्षेत्रों में रहने वाले नागरिक लगातार सतर्क रहें। यदि जलस्तर बढ़ने या बाढ़ जैसी स्थिति के कारण आवश्यकता महसूस हो तो लोग अपने घरों से निकलकर सुरक्षित एवं ऊंचे स्थानों पर जाएं।
नगर निकायों द्वारा चिन्हित आश्रय स्थलों का आवश्यकता पड़ने पर उपयोग करने की भी अपील की गई है। प्रशासन ने नागरिकों से कहा है कि किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।
प्रशासन कर रहा स्थिति की लगातार निगरानी
जिला प्रशासन के अनुसार, दोनों नदियों के जलस्तर और संभावित स्थिति की लगातार निगरानी की जा रही है। संबंधित विभागों एवं स्थानीय प्रशासन को भी सतर्क रहने को कहा गया है, ताकि आवश्यकता पड़ने पर तत्काल राहत एवं बचाव से संबंधित कार्रवाई की जा सके।
प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और केवल अधिकृत माध्यमों से जारी सूचनाओं पर भरोसा करने की अपील की है। नागरिकों से सावधानी बरतने तथा किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन का सहयोग करने को कहा गया है।
प्रशासन की अपील: नदी घाट, डूब क्षेत्र और जलभराव वाले स्थानों से दूरी बनाए रखें, बच्चों को ऐसे स्थानों पर अकेले न जाने दें और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित ऊंचे स्थान या चिन्हित आश्रय स्थल का रुख करें।

