


Ranchi. प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कथित बोकारो वन भूमि घोटाले से जुड़े धन शोधन मामले की जांच के तहत मंगलवार को झारखंड और बिहार में कई स्थानों पर छापे मारे. अधिकारियों ने यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि दोनों पड़ोसी राज्यों में करीब 16 स्थानों पर तलाशी ली जा रही है. उन्होंने बताया कि कथित वन भूमि घोटाले में बोकारो के मौजा तेतुलिया में 103 एकड़ संरक्षित वन भूमि का “धोखाधड़ी” से अधिग्रहण और अवैध बिक्री शामिल है.
बोकारो वन भूमि घोटाले में जिन वन भूमि को भू-माफिया और अधिकारियों के मिलीभगत से फर्जी कागजात के आधार पर बेचा गया है, उनके ओरिजिनल डाक्यूमेंट्स बंगाल के पुरुलिया में मौजूद है, जिस जमीन को फर्जी कागजात के आधार पर बेचा गया है, वह 117 एकड़ से ज्यादा है और उसका फैलाव पश्चिम बंगाल तक है.
दरअसल, 117 एकड़ जमीन बोकारो इस्पात संयंत्र को वापस करना था, लेकिन उसे वापस नहीं किया गया. बाद में इस भूमि को भू-माफिया ने फर्जी कागजातों के आधार पर हस्तांतरित करवाते हुए पूरी जमीन ही गबन कर लिया. इस मामले में इजहार हुसैन, अख्तर हुसैन, शैलेश कुमार सिंह, रघुनाथ सिंह, जैन सिंह, सचिन प्रसाद पांडे, सत्येंद्र सत्यार्थी माधव प्रसाद सिन्हा और आरबी सिंह को आरोपी बनाया गया है. सभी के खिलाफ पूर्व से सीआइडी जांच चल रही है, लेकिन अब इस घोटाले की जांच में इडी भी शामिल हो गई है.



