


गिरिडीह: गिरिडीह जिले के तिसरी अंचल कार्यालय का परिसर सोमवार को एक रणक्षेत्र में तब्दील हो गया, जब रजिस्टर टू की सत्यापित प्रति निकालने की मांग को लेकर किसान जनता पार्टी के सदस्य अनिश्चितकालीन धरना पर बैठे थे. उनकी अंचलाधिकारी से बहस होने के बाद हिंसक घटना घटी, जिसमें पथराव किया गया और सीओ की गाड़ी में आग लगाने का प्रयास भी हुआ. इसके साथ ही परिसर में खड़े वाहनों में तोड़फोड़ की गई.
पथराव के इस घटनाक्रम में थाना प्रभारी रंजय कुमार, एक महिला पुलिसकर्मी और कई अन्य पुलिसकर्मी चोटिल हो गए. दूसरी ओर किसान जनता पार्टी के नेता भी घायल हुए हैं. घटना के बाद से पूरा इलाका पुलिस छावनी में तब्दील हो गया है और प्रशासन ने सुरक्षा कड़ी कर दी है.
किसान जनता पार्टी के सदस्य रजिस्टर टू की छाया प्रति की मांग को लेकर तिसरी प्रखंड सह अंचल कार्यालय में पिछले कई दिनों से धरना दे रहे थे. सोमवार को धरने के 17वें दिन, जब अंचलाधिकारी कार्यालय पहुंचे, तो उन्हें कार्यालय जाने से रोका गया और फिर बहस बढ़ गई. बात बढ़ते ही पथराव शुरू हो गया. घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी और पुलिस बल मौके पर पहुंचे, लेकिन आक्रोशित लोगों ने पुलिस से भी उलझने का प्रयास किया, जिसके परिणामस्वरूप पथराव और तोड़फोड़ की घटना घटी.
प्रशासन की तरफ से कहा गया है कि किसान जनता पार्टी ने पथराव किया और वाहनों में तोड़फोड़ की. वहीं किसान जनता पार्टी ने प्रशासन पर आरोप लगाया है कि प्रशासन ने उनके शांतिपूर्ण धरने को हिंसक बना दिया और उनकी मांगों को अनदेखा किया.
किसान जनता पार्टी के सदस्य रजिस्टर टू की प्रति की मांग को लेकर लगातार धरना दे रहे थे. जब सीओ को कार्यालय से बाहर जाने की कोशिश की गई, तो उन्हें कार्यालय में बंद कर दिया गया. सूचना मिलने पर पुलिस ने सीओ को कार्यालय से बाहर निकाला, लेकिन इस दौरान पथराव किया गया और पुलिसकर्मी घायल हुए. एसडीपीओ राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि इस घटना की जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और स्थिति पर नियंत्रण बनाए रखने के लिए सुरक्षा उपाय किए गए हैं.



