


Ranchi.डाकघर अब किसी भी बैंक के ग्राहकों से यूपीआई भुगतान स्वीकार कर सकेंगे. दरअसल डाक विभाग ने 5,800 करोड़ रुपये की लागत वाली ‘उन्नत डाक प्रौद्योगिकी’ (एपीटी) पूरे देश में लागू कर दी है जिससे विभाग को एक विश्वस्तरीय सार्वजनिक लॉजिस्टिक संगठन के रूप में बदला जा सकेगा. केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मंगलवार को यह जानकारी दी. अभी तक तकनीकी कारणों से यूपीआइ भुगतान डाकघरों में केवल इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक खातों तक ही सीमित था. सिंधिया ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर इसकी जानकारी देते हुए कहा कि यह भारत की डिजिटल यात्रा में ऐतिहासिक कदम है.
आइटी 2.0 के तहत 5,800 करोड़ रुपये के निवेश से समर्थित एपीटी डाक विभाग को विश्वस्तरीय सार्वजनिक लॉजिस्टिक संगठन में बदल देगा. एपीटी मंच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘डिजिटल इंडिया’ और ‘मेक इन इंडिया’ दृष्टिकोण के अनुरूप एक पूर्णत: स्वदेशी प्रौद्योगिकी है. संचार मंत्री ने कहा कि नयी प्रौद्योगिकी ‘वास्तविक समय में निर्णय लेने, ई-कॉमर्स की पहुंच बढ़ाने, स्वचालन से परिचालन लागत घटाने और नागरिक-प्रथम, मोबाइल-सक्षम सेवाएं कहीं भी और कभी भी देने’ में सक्षम बनायेगी.



