


Seraikella-Kharsawan: हूल दिवस के अवसर पर सोमवार को ग्रामीण एकता मंच की ओर से श्री जवाहर लाल माहली के नेतृत्व में सरायकेला खरसावां जिले के माझना घाट से सिद्धो-कान्हू पार्क तक भव्य पदयात्रा निकाली गई। पदयात्रा में बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं ग्रामीणों ने भाग लेकर हूल क्रांति के अमर शहीद सिद्धो-कान्हू, चांद-भैरव तथा फूलो-झानो के अदम्य साहस और बलिदान को नमन किया। हूल दिवस झारखंड में संताल हूल की स्मृति में प्रतिवर्ष 30 जून को मनाया जाता है।
पदयात्रा के दौरान उपस्थित लोगों ने शहीदों के आदर्शों पर चलने तथा जल, जंगल, जमीन, संस्कृति और सामाजिक एकता की रक्षा का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य रूप निरेंन चंद्र सोरेन, रामू मुर्मू, वीर सिंह मुर्मू, लखन बंदिया, दुकिया हांसदा, श्रीमतो हेंब्रम, पानो टुडू, लक्ष्मी सोरेन, सलमा मुर्मू, रवींद्र टुडू, राकेश टुडू, कृष्णा मार्डी, राम मार्डी, समीर बास्के, राम सिंह हेंब्रम, सुनीता मुर्मू, सुनीता मार्डी, रोहन मुर्मू, पुजारीसालाखन मुर्मू, गोंडत बागुन टुडू सहित अनेक लोग शामिल हुए।
ग्रामीण एकता मंच के नेतृत्वकर्ताओं ने कहा कि हूल दिवस केवल शहीदों को श्रद्धांजलि देने का अवसर नहीं, बल्कि उनके संघर्ष, स्वाभिमान और सामाजिक न्याय के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का भी दिन है। पदयात्रा का समापन सिद्धो-कान्हू पार्क में श्रद्धांजलि अर्पित कर किया गया।



