


New Delhi. घरेलू वाहन विनिर्माता टाटा मोटर्स इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) खंड में चीनी कंपनियों के साथ वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने के लिए अपने मॉडलों की कीमतों में समरूपता लाने का लक्ष्य रख रही है. टाटा मोटर्स के यात्री वाहन इलेक्ट्रिक परिवहन खंड के प्रबंध निदेशक शैलेश चंद्रा ने ‘एफटी लाइव एनर्जी ट्रांजिशन समिट इंडिया’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अपनी कंपनी के ईवी लक्ष्यों का उल्लेख किया. चंद्रा ने कहा कि चीनी वाहन कंपनियों को व्यापक ईवी परिवेश और बड़े पैमाने पर उत्पादन का लाभ मिलने से उनकी लागत संरचना में फायदा होता है. उन्होंने कहा, हमें यकीन है कि हम अगले एक-डेढ़ साल में लॉजिस्टिक और 15 प्रतिशत शुल्क को ध्यान में रखते हुए चीनी ईवी निर्माताओं के साथ लागत में लगभग समान स्तर पर आ जाएंगे.
चंद्रा ने कहा कि बेहतर स्थानीय उपलब्धता और आत्मनिर्भरता पर जोर दिया जिसमें सेमीकंडक्टर और अन्य घटकों का उत्पादन शामिल है. उन्होंने कहा, फिलहाल हम चीनी कंपनियों के मुकाबले लागत प्रतिस्पर्द्धा को लेकर पीछे हो सकते हैं लेकिन वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने के लिए टाटा मोटर्स तेजी से खुद को तैयार कर रही है. चंद्रा ने कहा कि देश में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री में स्थिर सरकारी नीतियों और नए उत्पादों की पेशकश का योगदान रहा है.
उन्होंने कहा, सरकार की नीतिगत स्थिरता, कम जीएसटी और राज्य सरकारों की प्रोत्साहन योजनाओं ने ईवी की बिक्री बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है. पिछले महीने टाटा मोटर्स ने 7,111 इलेक्ट्रिक कारें बेचीं, जो अगस्त 2024 की तुलना में 62 प्रतिशत अधिक हैं.



