


Jamshedpur. झारखंड विधानसभा चुनाव का परिणाम शनिवार को आ रहा है. पूर्वी सिंहभूम के छह विधानसभा (बहरागोड़ा, घाटशिला, पोटका, जुगसलाई, जमशेदपुर पूर्वी व जमशेदपुर पश्चिमी) से किसको जनता का आशीर्वाद मिलेगा आज तय हो जायेगा. दोपहर 1:00 बजे तक तस्वीर साफ होने लगेगी. पहले राउंड की मतगणना का रिजल्ट सुबह 9:30 बजे से संभावित है. दोपहर बाद मतगणना के परिणाम मिलने लगेंगे. चुनाव आयोग ने 5:00 बजे तक मतगणना प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया है. हालांकि, तस्वीर शाम 4:00 बजे तक साफ हो जायेगी.

वोटों की गिनती को लेकर शनिवार की तड़के साढ़े चार बजे जिला उद्योग केंद्र (साकची पुराना कोर्ट) में बने पोस्टल बैलेट स्ट्रॉन्ग रूम और सुबह सात बजे को-ऑपरेटिव कॉलेज स्थित छह अलग-अलग इवीएम स्ट्रांग रूम की सील रिटर्निंग ऑफिसर, चुनाव पर्यवेक्षक, प्रत्याशी, चुनाव अभिकर्ता की मौजूदगी में खोला जायेगा. इसके लिए सभी प्रत्याशी व उनके चुनाव अभिकर्ता को ससमय स्ट्रांग रूम और निर्धारित अलग-अलग विधानसभा के काउंटिंग हॉल में पहुंचने को कहा गया है. को-ऑपरेटिव कॉलेज मतगणना केंद्र में सबसे पहले बहरागोड़ा विधानसभा का रिजल्ट आयेगा. यहां सबसे कम 264 बूथ हैं, यहां कुल 14 टेबलों पर सबसे कम 19 राउंड में वोटों की गिनती पूरी की जायेगी. जबकि सबसे देर तक जमशेदपुर पश्चिमी विधानसभा के वोटों की गिनती चलेगी. यहां 348 बूथों के वोटों की गिनती के लिए कुल 16 टेबल लगाये गये हैं. जहां सर्वाधिक 22 राउंड में वोटों की गिनती पूरी होगी. इसी तरह पोटका व जमशेदपुर पूर्वी विधानसभा में 21-21 राउंड में वोटों की गिनती होगी, जबकि घाटशिला व जुगसलाई विधानसभा में 20-20 राउंड में वोटों की गिनती का काम चलेगा.

मतगणना केंद्रों में दो स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था
मतगणना के लिए सभी विधानसभाओं से संबंधित 24 जिले में मतगणना केंद्र बनाये गये हैं. मतगणना केंद्रों में दो स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था कर स्ट्रांग रूम में सील किये गये इवीएम को सुबह 8:00 बजे खोलना शुरू कर दिया जायेगा.
राज्य निर्वाचन आयुक्त के रविकुमार ने कहा कि मतगणना केंद्रों पर केवल अनुमति प्राप्त काउंटिंग एजेंटों को जाने की अनुमति होगी. एजेंट किसी तरह के इलेक्ट्रानिक डिवाइस जैसे मोबाइल, कैलकुलेटर, डिजिटल वॉच आदि लेकर अंदर नहीं जा सकेंगे. उनको केवल एक पेन और एक नोटपैड के साथ मतगणना हॉल के अंदर ले जाने की अनुमति है. एक बार मतदान केंद्र की बैरिकेडिंग के बाहर आने के बाद उनको दोबारा अंदर जाने की अनुमति नहीं दी जायेगी. पुलिसकर्मियों को भी मतदान केंद्रों के अंदर जाने की उम्मीद नहीं है.



