



New Delhi. केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को किसानों को वित्तीय सहायता देने के लिए अगले पांच वर्षों यानी वित्त वर्ष 2030-31 तक पीएम-किसान योजना के विस्तार को मंजूरी दी। इसमें 3,15,614 करोड़ रुपये का परिव्यय होगा।प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम-किसान) की शुरुआत 24 फरवरी, 2019 को हुई थी और केंद्र प्रायोजित यह योजना देश भर के किसानों को सुनिश्चित आय सहायता देती है। योजना के तहत प्रत्येक पात्र भूमिधारक किसान परिवारों को 6,000 रुपये की वार्षिक वित्तीय सहायता मिलती है। यह राशि प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) व्यवस्था के माध्यम से उनके आधार से जुड़े बैंक खातों में 2,000 रुपये की तीन समान किस्तों में दी जाती है।
इस योजना के तहत अब तक करीब 4.5 लाख करोड़ रुपये वितरित किए जा चुके हैं। सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने संवाददाताओं को बताया कि मंत्रिमंडल ने पीएम-किसान योजना को 2030-31 तक पांच साल के लिए बढ़ा दिया है। इसका कुल परिव्यय 3,15,614 करोड़ रुपये है। उन्होंने कहा कि इस अवधि के दौरान योजना के लिए कुल 3,15,614 करोड़ रुपये के वित्तीय परिव्यय को मंजूरी दी गई है।सरकार ने एक बयान में कहा, ”यह मंजूरी सरकार की इस प्रतिबद्धता को दोहराती है कि किसानों की समृद्धि ही राष्ट्र की समृद्धि की नींव है।”


