Close Menu
Lahar ChakraLahar Chakra
  • Jamshedpur
  • Jharkhand
  • Bihar
  • National
  • Politics
  • Crime
  • Elections
  • Automobile
Facebook X (Twitter) Instagram
Facebook X (Twitter) YouTube Instagram
Lahar ChakraLahar Chakra
  • Home
  • Jamshedpur
  • State
    • Jharkhand
    • Bihar
  • National
  • Politics
  • Crime
  • Elections
  • Automobile
Lahar ChakraLahar Chakra
  • Jamshedpur
  • Jharkhand
  • Bihar
  • National
  • Politics
  • Crime
  • Elections
  • Automobile
Home»Breaking News»Chaibasa News :नोवामुंडी में आदिवासियों की 850 एकड़ जमीन बिना ग्राम सभा की अनुमति के छीनने वाले किस मुँह से पेसा की बात करेंगे : चम्पाई सोरेन
Breaking News

Chaibasa News :नोवामुंडी में आदिवासियों की 850 एकड़ जमीन बिना ग्राम सभा की अनुमति के छीनने वाले किस मुँह से पेसा की बात करेंगे : चम्पाई सोरेन

News DeskBy News DeskFebruary 4, 2026Updated:February 4, 2026
Facebook Twitter WhatsApp Telegram Email LinkedIn Copy Link
Share
Facebook Twitter WhatsApp Telegram LinkedIn Email Copy Link

चाईबासा। झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चम्पाई सोरेन आज पश्चिम सिंहभूम जिले के टोंटो प्रखंड अंतर्गत सेरेंगसिया घाटी पहुंचे, जहाँ उन्होंने वीर पोटो हो समेत कोल विद्रोह के अमर बलिदानियों को श्रद्धा सुमन अर्पित किया। इस दौरान उन्होंने राज्य सरकार पर जम कर निशाना साधा।

वीर शहीदों को नमन करने के बाद पूर्व सीएम ने उनके बलिदान को याद करते हुए कहा कि जिस जल, जंगल, जमीन एवं परंपराओं की रक्षा के लिए हमारे पूर्वजों ने ब्रिटिश साम्राज्यवाद के खिलाफ विद्रोह किया, वह आज भी संकट में है।

झारखंड की गठबंधन सरकार को आदिवासी विरोधी बताते हुए उन्होंने कहा कि इस सरकार ने कई दशकों से चली आ रही परपंरा को तोड़ कर, सेरेंगसिया के ग्रामीणों द्वारा हर साल किए जाने वाले सांस्कृतिक एवं खेल कूद के आयोजनों को जबरन रद्द करवा दिया। उनका कसूर सिर्फ यही था कि उन्होंने मुझे मुख्य अतिथि के तौर कर बुलाया था।

उन्होंने सरकार को चेतावनी देते हुये कहा कि भोगनाडीह से लेकर सेरेंगसिया तक, शहीदों के परिवारों तथा पारंपरिक ग्राम प्रधानों के निर्णयों को दरकिनार कर, पुलिस के दम पर सरकारी आदेशों को थोपने का जो प्रयास चल रहा है, उसे आदिवासी समाज बर्दास्त नहीं करेगा।

Jamshedpur: धनतेरस और दीपावली को लेकर एसएसपी ने संभाली सुरक्षा की कमान, बाइक से शहर में किया गश्त, ज्वेलरी दुकानों और बैंकों का लिया जायजा

पूर्व सीएम ने सरकार पर सारंडा में बसे लाखों आदिवासी परिवारों को धोखा देने का आरोप लगाते हुए कहा कि यहां चल रही खनन कंपनियों को बचाने के लिए सरकार तुरंत सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई, लेकिन वहां भी सारंडा में हजारों वर्षों से बसे लाखों आदिवासियों के बारे में इनके मुंह से एक शब्द नहीं निकला। हमारा विरोध वाइल्ड लाइफ सेंचुरी से नहीं है, लेकिन इन लाखों आदिवासियों का क्या कसूर है? राज्य सरकार उन्हें उजाड़ने पर क्यों आमदा है?

चम्पाई सोरेन ने पेसा के मुद्दे पर आदिवासियों को छलने का आरोप लगाते हुए कहा कि उसमें राज्य सरकार ने ग्राम सभा के अध्यक्ष की नियुक्ति के समय अन्य के नाम पर “पिछला दरवाजा” खोल रखा है, जिसके द्वारा फर्जी लोगों की मदद से मनमानी की जायेगी। उन्होंने कहा कि जब शेड्यूल एरिया में राज्यपाल की भूमिका संरक्षक की रहती है तो फिर आप उनकी जगह उपायुक्त को मालिक कैसे बना सकते हैं?

उन्होंने आरोप लगाया कि कैबिनेट की जिस बैठक में राज्य सरकार ने पेसा अधिनियम को स्वीकृति दी, उसी बैठक में बिना किसी ग्राम सभा की अनुमति के नोवामुंडी में 850 एकड़ से अधिक जमीन हिंडाल्को को दी गई। जब उन्हें कोल ब्लॉक पलामू प्रमंडल में आवंटित किया गया है, तो वन क्षति की भरपाई कोल्हान के शेड्यूल एरिया में क्यों की जा रही है? उस भूमि पर आदिवासी हजारों वर्षों से खेती करते हैं, वहां देशाउली है, सरना स्थल है। लेकिन आदिवासी की जमीन है, तो दे दो… क्या फर्क पड़ता है?

Jamshedpur: 1,506 गांव सीधे खनन से प्रभावित, 200 से अधिक पर अप्रत्यक्ष असर, स्कूल, आंगनबाड़ी और सड़क निर्माण को मिलेगी प्राथमिकता

पूर्व सीएम ने कहा कि गठबंधन सरकार बांग्लादेशी घुसपैठियों एवं धर्मांतरण की दोतरफा मार झेल रहे आदिवासी समाज को खत्म करने की साजिश रच रही है। अगर इन्हें नहीं रोका गया तो आदिवासी सभ्यता को मिटाने का जो काम ब्रिटिश साम्राज्यवाद नहीं कर पाया था, वो यह सरकार कर देगी।

इससे पहले चाईबासा पहुंचने पर तांबो चौक समेत कई स्थानों पर नो एंट्री आंदोलनकारियों एवं अन्य संगठनों से जुड़े हजारों आदिवासियों ने पूर्व मुख्यमंत्री चम्पाई सोरेन का भव्य स्वागत किया। तत्पश्चात गीतीलता शहीद स्थल में शहीदों को नमन करने के बाद, समर्थकों के साथ वे सेरेंगसिया पहुंचे। इस दौरान सेरेंगसिया शहीद स्मारक समिति के अध्यक्ष महेन्द्र लागुरी एवं बड़ी संख्या में समर्थक मौजूद रहे।

Share. Facebook Twitter WhatsApp LinkedIn Telegram Email Copy Link

Related Posts

Jamshedpur: धनतेरस और दीपावली को लेकर एसएसपी ने संभाली सुरक्षा की कमान, बाइक से शहर में किया गश्त, ज्वेलरी दुकानों और बैंकों का लिया जायजा

November 6, 2026

Jamshedpur: 1,506 गांव सीधे खनन से प्रभावित, 200 से अधिक पर अप्रत्यक्ष असर, स्कूल, आंगनबाड़ी और सड़क निर्माण को मिलेगी प्राथमिकता

November 6, 2026

Jamshedpur: सिदगोड़ा टाउन हॉल में DMFT न्यास परिषद की जिला स्तरीय बैठक का सामूहिक बहिष्कार, मुखियाओं ने पंचायतों की अनदेखी पर जताई नाराजगी

November 6, 2026
Recent Post

Jamshedpur: धनतेरस और दीपावली को लेकर एसएसपी ने संभाली सुरक्षा की कमान, बाइक से शहर में किया गश्त, ज्वेलरी दुकानों और बैंकों का लिया जायजा

November 6, 2026

Jamshedpur: 1,506 गांव सीधे खनन से प्रभावित, 200 से अधिक पर अप्रत्यक्ष असर, स्कूल, आंगनबाड़ी और सड़क निर्माण को मिलेगी प्राथमिकता

November 6, 2026

Jamshedpur: सिदगोड़ा टाउन हॉल में DMFT न्यास परिषद की जिला स्तरीय बैठक का सामूहिक बहिष्कार, मुखियाओं ने पंचायतों की अनदेखी पर जताई नाराजगी

November 6, 2026

Ghatsila: घाटशिला, जादूगोड़ा और गालूडीह की मिठाई दुकानों पर खाद्य विभाग का छापा, 155 लीटर एक्सपायर्ड कोल्ड ड्रिंक और मिलावटी छेना बरामद

November 6, 2026

Noyal Tata 12 नवंबर को TITAN के निदेशक और वाइस चेयरमैन पद से हो जाएंगे सेवानिवृत्त

November 6, 2026
Advertisement
© 2026 Lahar Chakra. Designed by Launching Press.
  • Privacy Policy
  • Terms
  • Accessibility

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

Join Laharchakra Group