



Jamshedpur. पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा ने रविवार को झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को एक पत्र लिखकर खूंटी जिले के बिरसा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (बीआईएमएस) में एक आदिवासी महिला की मौत की जांच कराने की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि महिला को असंगत रक्त समूह का खून चढ़ाया गया था।
मुंडा ने पत्र में दावा किया कि बुधन पूर्ति नामक महिला की मौत कथित रूप से बेमेल रक्त चढ़ाए जाने के बाद हुई।
उन्होंने कहा कि यदि यह आरोप सही पाया जाता है, तो यह गंभीर चिकित्सा लापरवाही का मामला होगा। उन्होंने मुख्यमंत्री से घटना की उच्चस्तरीय जांच कराने और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया। भाजपा नेता मुंडा ने कहा कि जीवन की रक्षा करना और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करना सरकार की प्रमुख जिम्मेदारियों में शामिल है। उन्होंने आदिवासी और दूरदराज के इलाकों में स्वास्थ्य सेवाओं की व्यापक समीक्षा की मांग की।
उन्होंने अक्टूबर 2025 में पश्चिमी सिंहभूम में हुई एक घटना का भी उल्लेख किया, जिसमें थैलेसीमिया से पीड़ित पांच आदिवासी बच्चों को कथित रूप से एचआईवी संक्रमित रक्त चढ़ा दिया गया था। मुंडा ने कहा कि बार-बार सामने आ रही ऐसी लापरवाहियां राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था में व्यापक सुधार की


