


जमशेदपुर।
भारत निर्वाचन आयोग द्वारा संचालित मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision-SIR)-2026 के तहत जिले के सभी प्रखंडों एवं नगर निकायों में राजनीतिक दलों द्वारा प्रतिनियुक्त बूथ लेवल एजेंट-2 (BLA) के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण में संबंधित निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (ERO) एवं सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (AERO) द्वारा बीएलए को पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान उनकी भूमिका, दायित्व एवं कार्यप्रणाली की विस्तृत जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि बीएलए-2 अपने संबंधित मतदान केंद्र क्षेत्र की मतदाता सूची का अवलोकन कर मतदाताओं के विवरण का सत्यापन करेंगे। मृत अथवा स्थायी रूप से स्थानांतरित हो चुके मतदाताओं की प्रविष्टियों की पहचान हेतु घर-घर सर्वेक्षण अथवा अन्य उपयुक्त माध्यमों से जानकारी एकत्र कर निर्धारित प्रारूप में इसकी सूची संबंधित बीएलओ को उपलब्ध कराएंगे।
बीएलए-2 को यह भी अवगत कराया गया कि वे पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में नाम जोड़ने, विलोपन, संशोधन अथवा निर्वाचन फोटो पहचान पत्र (EPIC) में सुधार के लिए निर्धारित प्रपत्रों (फॉर्म-6, 7 एवं 8) के उपयोग हेतु प्रेरित करेंगे तथा आवश्यकतानुसार आवेदन प्राप्त कर बीएलओ अथवा अधिकृत पदाधिकारी को उपलब्ध कराएंगे।
प्रशिक्षण में स्पष्ट किया गया कि बीएलए-2 द्वारा जमा किए जाने वाले प्रत्येक आवेदन के साथ एक लिखित घोषणा संलग्न करना आवश्यक होगा, जिसमें यह प्रमाणित किया जाएगा कि आवेदन में अंकित तथ्यों का उन्होंने अपनी संतुष्टि के अनुसार सत्यापन किया है। गलत अथवा भ्रामक घोषणा पाए जाने पर जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा-31 के अंतर्गत कार्रवाई की जा सकती है।
बीएलए-2 को आवेदन जमा करने संबंधी निर्धारित प्रावधानों की भी जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि सामान्य स्थिति में एक बीएलए प्रतिदिन अधिकतम 10 आवेदन ही बीएलओ अथवा अधिकृत पदाधिकारी को जमा कर सकते हैं। यदि कोई बीएलए-2 संक्षिप्त पुनरीक्षण अवधि के दौरान 30 से अधिक आवेदन प्रस्तुत करता है, तो संबंधित ईआरओ/एईआरओ द्वारा उन आवेदनों का पुनः सत्यापन कराया जाएगा।
राजनीतिक दलों की अधिकाधिक सहभागिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आयोग द्वारा मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के बीएलए को सामूहिक (Bulk) रूप से आवेदन जमा करने की अनुमति प्रदान की गई है। इसके तहत प्रारूप प्रकाशन से पूर्व कोई भी बीएलए प्रतिदिन अधिकतम 50 आवेदन तथा प्रारूप प्रकाशन के उपरांत प्रतिदिन अधिकतम 10 आवेदन ही जमा कर सकेंगे।
प्रशिक्षण में यह भी बताया गया कि विशेष शिविरों के दौरान बीएलए निर्धारित स्थानों पर बीएलओ एवं अधिकृत पदाधिकारियों की उपस्थिति में मौजूद रहेंगे, ताकि दावे एवं आपत्तियों के प्राप्ति कार्य में सहयोग प्रदान किया जा सके तथा मतदाता सूची में आवश्यक संशोधन की प्रक्रिया को सुचारू रूप से संपादित किया जा सके। इस अवसर पर सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम में सक्रिय सहयोग करने तथा मतदाता सूची को त्रुटिरहित, अद्यतन एवं समावेशी बनाने में रचनात्मक भूमिका निभाने की अपील की गई।




