

Ranchi. झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की कानूनी मुश्किलें एक बार फिर बढ़ती नजर आ रही हैं. बड़गाईं इलाके की 8.86 एकड़ जमीन के कथित अवैध अधिग्रहण से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में रांची की विशेष पीएमएलए (PMLA) अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए मुख्यमंत्री को सोमवार शाम 4:00 बजे तक हर हाल में कोर्ट के समक्ष उपस्थित होने का निर्देश दिया है. अदालत ने स्पष्ट किया कि वह शारीरिक रूप से या वर्चुअल माध्यम से पेश हो सकते हैं.
शनिवार को इस मामले में मुख्यमंत्री के खिलाफ औपचारिक रूप से आरोप तय किए जाने थे, लेकिन वह अदालत में उपस्थित नहीं हो सके. उनके वकील ने मुख्यमंत्री की व्यस्त आधिकारिक दिनचर्या का हवाला देते हुए नई तारीख देने का अनुरोध किया. हालांकि, अदालत ने इस दलील को स्वीकार करते हुए भी पेशी को टालने के बजाय निश्चित समय सीमा तय कर दी.
इससे पहले झारखंड हाईकोर्ट से भी मुख्यमंत्री को राहत नहीं मिली. हाईकोर्ट ने विशेष पीएमएलए अदालत की कार्यवाही पर अंतरिम रोक लगाने की उनकी याचिका खारिज कर दी, जिसके बाद मामले की सुनवाई का रास्ता साफ हो गया. अब सोमवार को होने वाली पेशी और आरोप तय होने की प्रक्रिया पर सभी की नजरें टिकी हैं.

