


सरायकेला-खरसावां जिले के राजनगर प्रखंड में विकास योजनाओं को धरातल पर उतारने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। झारखण्ड के पूर्व मुख्यमंत्री और स्थानीय विधायक चम्पाई सोरेन ने राजनगर प्रखंड के अंतर्गत छोटा कांकी से सारंगछिड़ा होते हुए राधानगर तक जाने वाली महत्वपूर्ण सड़क के निर्माण कार्य का विधिवत शिलान्यास किया। इस अवसर पर भारी संख्या में स्थानीय ग्रामीण और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
चम्पाई सोरेन के मुख्यमंत्रित्व काल में स्वीकृत हुई थी सड़क
शिलान्यास के बाद जनसमूह को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री चम्पाई सोरेन ने कहा कि करीब 6 किलोमीटर लंबी इस सड़क के निर्माण की स्वीकृति उनके मुख्यमंत्रित्व काल में ही दी गई थी। उन्होंने कहा कि आम जनता की दैनिक सुविधाओं और सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए उनके कार्यकाल के दौरान ऐसी कई महत्वपूर्ण योजनाएं स्वीकृत की गई थीं, जो अब धीरे-धीरे धरातल पर उतर रही हैं और जनता को उनका लाभ मिल रहा है।
ग्रामीण क्षेत्रों को विकास की मुख्य धारा से जोड़ना अभियान
पूर्व सीएम ने सुदूरवर्ती गांवों के विकास पर जोर देते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों को सड़क और पुलों के माध्यम से विकास की मुख्य धारा से जोड़ना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने आश्वस्त किया कि गांवों को आपस में जोड़ने और बुनियादी ढांचा मजबूत करने का उनका यह अभियान अनवरत जारी रहेगा। इस सड़क के बन जाने से आसपास के कई गांवों के लोगों का आवागमन बेहद सुगम और सुरक्षित हो जाएगा।
सरायकेला अस्पताल को लेकर वर्तमान सरकार पर निशाना
संबोधन के दौरान चम्पाई सोरेन ने राज्य की वर्तमान सरकार की कार्यप्रणाली पर भी तीखा सवाल उठाया। उन्होंने जनता को याद दिलाया कि उनके विशेष प्रयासों से सरायकेला में एक बड़ा और आधुनिक अस्पताल बनकर पिछले डेढ़ वर्षों से पूरी तरह तैयार है। इसके बावजूद, अस्पताल को अब तक आम जनता के लिए चालू नहीं किया जा सका है। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि शायद वर्तमान सरकार जनहित के इस बड़े अस्पताल को शुरू ही नहीं करना चाहती है, जिससे स्थानीय लोगों को चिकित्सा लाभ मिलने में देरी हो रही है।
किसानों, मजदूरों और छात्रों में खुशी की लहर
सड़क निर्माण कार्य शुरू होने से राजनगर प्रखंड के स्थानीय ग्रामीणों में भारी उत्साह और खुशी का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि इस नई सड़क के बन जाने से क्षेत्र के युवाओं, किसानों, मजदूरों और स्कूल-कॉलेज जाने वाले छात्रों को सबसे ज्यादा सुविधा होगी। किसानों को अपनी फसल बाजार तक ले जाने में आसानी होगी, वहीं मजदूरों और आम लोगों को रोजगार व अन्य कार्यों के लिए आने-जाने में समय की बचत होगी।
इस शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान जिला परिषद अध्यक्ष सोनाराम बोदरा, स्थानीय जिला परिषद सदस्य समेत बड़ी संख्या में प्रबुद्ध नागरिक और ग्रामीण उपस्थित थे।



