


● सम्मेलन को पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ रविन्द्र राय, सांसद विद्युत महतो, विधायक पूर्णिमा साहू समेत कई नेताओं ने किया संबोधित
जमशेदपुर। देश के पूर्व प्रधानमंत्री एवं भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की स्मृति में मंगलवार को भाजपा ने जमशेदपुर महानगर अंतर्गत पश्चिमी, जुगसलाई एवं पूर्वी विधानसभा में विधानसभा स्तरीय अटल स्मृति सम्मेलन का आयोजन किया। इस दौरान पूर्व प्रधानमंत्री अटल जी के राष्ट्र निर्माण में योगदान व उनके सुशासन और लोकतांत्रिक मूल्यों पर प्रकाश डाला गया। सम्मेलन में कार्यकर्ताओं ने अटल बिहारी वाजपेयी के जीवन आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। पश्चिमी विधानसभा के स्टील हाउस में आयोजित अटल स्मृति सम्मेलन में झारखंड भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ रविन्द्र राय, सांसद विद्युत वरण महतो, भाजपा प्रदेश मंत्री गणेश मिश्रा, प्रदेश मंत्री नंदजी प्रसाद, पूर्व सांसद आभा महतो मुख्यरूप से शामिल रहे। वहीं, जुगसलाई विधानसभा में पटमदा के बिडरा ग्राम संसद भवन में सांसद विद्युत महतो, पूर्व जिलाध्यक्ष अभय सिंह ने सम्मेलन में कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। जमशेदपुर पूर्वी विधानसभा के सिदगोड़ा स्थित सोन मंडप सभागार में आयोजित सम्मेलन में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ रविन्द्र राय, विधायक पूर्णिमा साहू, प्रदेश प्रवक्ता जेबी तुबिद, प्रदेश प्रवक्ता अमरप्रीत सिंह काले मुख्यरूप से शामिल रहे। इससे पहले, अटल स्मृति सम्मेलन का शुभारंभ अतिथियों ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय, डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी एवं पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेयी के चित्र पर माल्यार्पण कर एवं दीप प्रज्वलित कर किया।
अटल स्मृति सम्मेलन को संबोधित करते हुए झारखंड भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ रविन्द्र राय ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी ऐसे नेता थे, जो अनुकूल और प्रतिकूल, दोनों ही परिस्थितियों में समर्थकों के साथ विरोधियों के बीच भी समान रूप से लोकप्रिय रहे। इसका मूल कारण उनका शालीन आचरण, विनम्र व्यक्तित्व और गांव-गरीब-किसानों से उनका आत्मीय जुड़ाव था। उन्होंने कहा कि जो देश की मिट्टी से प्रेम करता है, वो अटल जी से प्रेम करता है। डॉ. रविन्द्र राय ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी की सादगी ही उनकी सबसे बड़ी ताकत थी। राष्ट्र निर्माण में उनका योगदान ऐतिहासिक रहा, चाहे देश की सुदृढ़ विदेश नीति हो, पोखरण परमाणु परीक्षण के माध्यम से भारत की सामरिक शक्ति का प्रदर्शन हो, या फिर सड़क, संचार और बुनियादी ढांचे के विकास के लिए स्वर्णिम चतुर्भुज जैसी दूरदर्शी योजनाएं। उन्होंने कहा कि अटल जी के विचार और कार्य आज भी भारतीय जनता पार्टी की वैचारिक आत्मा हैं। भाजपा ने उनके नेतृत्व में राष्ट्रवाद, सुशासन और अंत्योदय को केंद्र में रखकर राजनीति की नई दिशा दी। अटल बिहारी वाजपेयी ऐसे युगपुरुष थे, जिनका जीवन सादगी, संवेदना और राष्ट्रसेवा का जीवंत उदाहरण है।
सांसद विद्युत वरण महतो ने संसद में कही गई पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की दूरदर्शी बातों को स्मरण करते हुए कहा कि एक समय भारतीय जनता पार्टी के बारे में यह कहा जाता था कि उनकी सरकार कभी नहीं बनेगी, लेकिन अटल जी के सशक्त नेतृत्व, विचारधारा और संगठनात्मक मजबूती के कारण आज भाजपा केंद्र के साथ देश के कई राज्यों में जनता की विश्वासपात्र सरकार के रूप में स्थापित होकर कार्य कर रही है।सांसद श्री महतो ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी का जीवन संघर्ष, सिद्धांत और संकल्प का प्रतीक रहा। उन्होंने सत्ता की राजनीति नहीं की बल्कि राष्ट्र के दीर्घकालीन हितों को सर्वोपरि रखा। झारखंड को अलग राज्य का दर्जा देना भी अटल जी के ऐतिहासिक निर्णयों में शामिल है, जिसने वर्षों से उपेक्षित झारखंड की जनभावनाओं को सम्मान दिया और दशकों पुरानी मांग को पूरा किया।
विधायक पूर्णिमा साहू ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को स्मरण करते हुए कहा कि अटल जी हर भारतीय के दिल में बसने वाले राष्ट्रपुरुष थे। उनका पूरा जीवन राष्ट्रसेवा, त्याग और सिद्धांतों को समर्पित रहा। पूर्णिमा साहू ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी ने अंत्योदय के विचार को व्यवहार में उतारते हुए गांव, गरीब, किसान और वंचित वर्ग के उत्थान को शासन की प्राथमिकता बनाई। उनके नेतृत्व में देश ने विकास और विश्वास दोनों का नया मार्ग देखा। झारखंड राज्य का गठन अटल जी की दूरदर्शिता और जनभावनाओं के प्रति उनकी संवेदनशीलता का अद्भुत उदाहरण है। अटल सरकार द्वारा शुरू की गई अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं आज भी देश के विकास की मजबूत आधारशिला मानी जाती हैं।
प्रदेश मंत्री गणेश मिश्रा ने कहा कि अटल जी के विचार आज भी भारतीय जनता पार्टी की आत्मा हैं। राष्ट्रवाद, सुशासन और सेवा भाव की राजनीति का जो संस्कार उन्होंने भाजपा को दिया, वही आज करोड़ों कार्यकर्ताओं की प्रेरणा है। अटल जी का जीवन आज भी भाजपा कार्यकर्ताओं और देशवासियों के लिए प्रेरणास्रोत है।
प्रदेश मंत्री नंदजी प्रसाद ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी ने सिद्धांतों और मूल्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता में हमेशा अटल रह कर अपने नाम को सार्थक किया। उनकी महान सोच और विरासत को अब हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बहुत ही कुशलता से आगे बढ़ा रहे हैं, जो भारत को विकसित भारत के लक्ष्य की ओर मजबूती से आगे ले जा रहे हैं।
प्रदेश प्रवक्ता जेबी तुबिद ने कहा कि अपने प्रधानमंत्रित्व काल में श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी ने जनजातीय मामलों के मंत्रालय की स्थापना कर आदिवासी समाज के अधिकारों, कल्याण और समग्र विकास को राष्ट्रीय प्राथमिकता के केंद्र में रखा। उनका मानना था कि जब तक जनजातीय समाज सशक्त नहीं होगा, तब तक राष्ट्र निर्माण अधूरा रहेगा। अटल बिहारी वाजपेयी जी की दूरदृष्टि और दृढ़ संकल्प का ही परिणाम था कि छत्तीसगढ़, उत्तराखंड और झारखंड जैसे तीन नए राज्यों का गठन हुआ।
पूर्व सांसद आभा महतो ने कहा कि अटल जी का जीवन संघर्ष, सिद्धांत और समर्पण की जीवंत मिसाल रही। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़कर उन्होंने राष्ट्रसेवा का जो संकल्प लिया, वही आगे चलकर भारतीय जनसंघ और फिर भारतीय जनता पार्टी के माध्यम से संसदीय राजनीति में उनकी विशिष्ट पहचान का आधार बना। उन्होंने सिद्धांतों से कभी समझौता नहीं किया और राजनीति को सेवा तथा विचारों का माध्यम बनाए रखा।
पूर्व जिलाध्यक्ष अभय सिंह ने कहा कि विपक्ष में रहते हुए भी अटल जी ने सदैव लोकतांत्रिक मर्यादाओं का पालन किया और अपनी वाणी व व्यवहार से संसद की गरिमा को ऊंचा किया। जवाहरलाल नेहरू से लेकर इंदिरा गांधी तक, राजनीतिक मतभेदों के बावजूद सभी नेताओं ने उनके कार्यों और व्यवहार की खुले दिल से सराहना की।
पश्चिम विधानसभा में मौजूद नेतागण: पूर्व सांसद आभा महतो, पूर्व जिलाध्यक्ष बिनोद सिंह, राजकुमार श्रीवास्तव, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य मनोज सिंह, जटाशंकर पांडेय, अनिल सिंह, डॉ. राजीव, योगेश मल्होत्रा, नीरज सिंह, संजीव सिन्हा, राजीव सिंह, रेणु शर्मा, विजय तिवारी, पप्पू सिंह, कृष्णा शर्मा काली, अखिलेश सिंह, बिनोद सिंह, राकेश दुबे, उज्वल सिंह, किशोर ओझा, रमेश बास्के, मंत्री सोनू ठाकुर, अमिताभ सेनापति, रंजीत सिंह, प्रशांत पोद्दार, बिनोद राय, मारुति नंदन पांडेय, रविन्द्र सिसोदिया, फातिमा शाहीन, अजीत सिंह समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम में स्वागत संबोधन जिला उपाध्यक्ष संजीव सिन्हा, मंच संचालन जिला उपाध्यक्ष राजीव सिंह एवं धन्यवाद ज्ञापन साकची पश्चिम मंडल अध्यक्ष रंजीत सिंह ने किया।
पूर्वी विधानसभा में पूर्व जिलाध्यक्ष चंद्रशेखर मिश्रा, रामबाबू तिवारी, गुंजन यादव, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य मिथिलेश सिंह यादव, कल्याणी शरण, कुलवंत सिंह बंटी, अनिल सिंह, बबुआ सिंह, अमित अग्रवाल, पप्पू उपाध्याय, रंजीत सिंह, कुमार अभिषेक, विकास शर्मा, युवराज सिंह, बापन बनर्जी, रितेश झा समेत कई अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम में स्वागत संबोधन जिला महामंत्री संजीव सिंह, मंच संचालन पूर्व जिलाध्यक्ष गुंजन यादव एवं धन्यवाद ज्ञापन बारीडीह मंडल अध्यक्ष कुमार अभिषेक ने किया।
जुगसलाई विधानसभा में प्रदीप महतो, प्रदीप मिश्रा, प्रदीप बेसरा, नीलू मछुआ, मोचीराम बाउरी, शरद सिंह सरदार, कुसुम पूर्ति, सूरज साहू, शांतनु मुखर्जी, बासुदेव मंडल, जुगनू वर्मा, संदीप मिश्रा, कृपा सिंधु महतो, मुरारी मोहन पाल, मंटू चरण दत्त, आलोक बाजपेई, पवन सिंह, ब्योमकेश महतो, रथु महतो, परीक्षित महतो, जन्मेजय महतो, सनातन दास, अंजना महतो, महावीर महतो एवं निरंजन रजक समेत अन्य कार्यकर्त्ता उपस्थित थे।



